धनबाद(DHANBAD):झारखंड के गिरिडीह से 21 जून को हुई 5 करोड़ लूट के मामले में पुलिस को बड़ी उपलब्धि मिली है. इसी के साथ ही ये बात सामने आई है कि लूटकांड का मास्टर माइंड धनबाद के गोविंदपुर का राजेश सिंह उर्फ रजनीश ही था. पुलिस ने अब तक 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है. जबकि छठे की तलाश हो रही है. छठे के पास डेढ़ करोड़ से अधिक नगदी होने की पुलिस को आशंका है. इस पैसे से किसी ने फ्रेंचाइजी ली तो किसी ने ससुराल में पैसे को छुपा रखा था.
गिरिडीह से पांच करोड़ लूट मामले में धनबाद एक बार फिर बदनाम
पुलिस ने अब तक सवा तीन करोड़ रुपए बरामद कर लिया है. शेष राशि की बरामदगी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. इस कांड में इस बात का खुलासा हुआ है, कि जिस जीपीएस लगाकर अपराधियों ने पांच करोड़ रुपए लूटे थे वहीं जीपीएस पुलिस को अपराधियों तक पहुंचाने में मदद की. एक माह पूर्व कार को किस्त बकाया होने का झांसा देकर बरही में 2 दिनों तक अपने कब्जे में रखा था. उसमें अपराधियों ने अपना जीपीएस चोरी छुपे लगा दिया था. और इसी जीपीएस से कार को ट्रैक कर पांच करोड़ रुपए की लूट की थी.
गोविंदपुर में ही बनी थी योजना
यही जीपीएस उन लोगों के लिए काल बन गई. और अपराधी पकड़ में आ गए. पुलिस सूत्रों के अनुसार बरही का रंजीत साव लूट के पैसे से रांची में फ्रेंचाइजी लिया था. पुलिस वहां भी पहुंची थी, और कर्मचारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी. लेकिन बाद में छोड़ दिया. 21 जून की रात गिरिडीह के जमुआ में घटना को अंजाम दिया गया था. इस घटना में रिकवरी एजेंट के नाम सामने आने के बाद पुलिस चौकस है और उनकी हर गतिविधियों पर पुलिस की नजर है.
रिपोर्ट-सत्यभूषण सिंह


