TNP DESK-: बंगाल से एक बड़ी खबर निकल कर आ रही है. बताया जा रहा है कि बंगाल के मुख्यमंत्री सुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक चंद्रनाथ रथ हत्याकांड की जांच सीबीआई को सौंप दी गई है. सुभेंदु अधिकारी के सहायक की हत्या के मामले में उत्तर प्रदेश और बिहार से शूटरों को गिरफ्तार किया गया है. अब इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपने की बात कही गई है. कहा गया है कि हत्या में बाहरी क्रिमिनल्स की संलिप्तता के कारण सीबीआई को जांच सौंपी गई है. एक विशेष जांच दल का गठन भी किया गया है.
सात अधिकारियों की एक विशेष टीम बनाई गई है -सूत्र
सूत्रों के अनुसार कई राज्यों के सात अधिकारियों की एक विशेष टीम बनाई गई है. इस टीम में पटना, रांची, धनबाद और लखनऊ के अधिकारी शामिल हैं. पुलिस का मानना है कि इस घटना में 6 से 8 लोग शामिल रहे होंगे। हत्या में दो बाइक और एक कार का इस्तेमाल किया गया था. सूत्रों के अनुसार एक बाइक पर दो और दूसरी पर तीन लोग सवार रहे होंगें। इस्तेमाल किए गए हथियार भी आधुनिक रहे होंगें। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित किए गए थे और 6 मई को शुभेंदु अधिकारी के सहायक चंद्रनाथ रथ की मध्य ग्राम की सड़कों पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. चंद्रनाथ रथ के सीने , हाथ और पेट में गोली लगी थी.
6 मई की रात गोली मारकर कर दी गई थी हत्या
उल्लेखनीय है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद 6 मई की रात को मध्य ग्राम में शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. उन पर चार गोलियां चलाई गई थी. चंद्रनाथ रथ के सीने,पेट और हाथ में गोली लगी थी. बाद में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था. सूत्र तो यह भी बता रहे हैं कि टोल प्लाजा पर यूपीआई के जरिए भुगतान किया गया था. पुलिस टीम ने इस डिजिटल लेनदेन के सुराग के आधार पर तलाशी शुरू की और इसी सुराग के आधार पर पुलिस उत्तर प्रदेश और बिहार पहुंची थी. सूत्रों के अनुसार अपराधियों ने पहचान छुपाने के लिए बंगाल की सीमा में घुसते ही कार का असली नंबर प्लेट बदल दिया था. लेकिन एक टोल प्लाजा पार करते समय, उन्होंने एक पहचान छोड़ दी थी . पुलिस ने बिहार -यूपी से तीन से चार लोगो को हिरासत में लिया है.

