गिरिडीह(GIRODIH):गिरिडीह में हुए फूड प्वाइजनिंग की घटना ने जहां एक तरफ प्रशासन का नींद उड़ा दिया तो दूसरी तरफ गांव में हाहाकार मचा दिया. जिसका मुख्य कारण था गोलगप्पा खाना जहां करीब 49 लोगों बीमार हो गए.वही एक 6 वर्षीय बच्चे रंजन कुमार की मौत हो गई जिसका पोस्टमार्टम करने के बाद या पता चला की मौत का मुख्य कारण गोलगप्पा के जहरीले पानी ही था जिसकी पुष्टि सिविल सर्जन ने की है.
मामले के बाद प्रशासन सख्त
इधर इस घटना को देखकर जिला प्रशासन के मुखिया अर्थात डीसी रामनिवास यादव में कड़ा रुख अपनाते हुए जांच का आदेश देते आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया जिसके बाद प्रशासनिक महकमा हाई अलर्ट मोड में काम शुरू कर दिया, जहां एक तरफ गांव में मेडिकल टीम काम कर रही है तो दूसरे तरफ फूड इंस्पेक्टर द्वारा गोलगप्पे विक्रेता ओभी रजक के घर पहुंच कर छोला उबला आलू एवं कामधेनु ब्रांड का रंग सैंपल को जप्त करते हुए जांच के लिए कोलकाता या रायपुर भेजने की तैयारी शुरू कर दी है. इधर इस घटना को देखते हुए मुफस्सिल पुलिस ने छोला विक्रेता ओभी रजक को हिरासत में लेकर पूछताझ कर रही है.
गोलगप्पा खाने से कई लोग हो गए है बीमार
इधर फूड इंस्पेक्टर डॉ राजा कुमार ने बताया कि फूड प्वाइजनिंग का असली कारण सेम्पल जांच का रिजल्ट आने के बाद ही पता चल पाएगा. उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी. इधर सदर अस्पताल में फूड पॉइजनिंग के शिकार हुए इलाजरत कई व्यक्ति का डिस्चार्ज हो गया है तो कई लोगो का अभी इलाज जारी है सभी कई स्थिति सामान्य है.
रिपोर्ट-दिनेश कुमार रजक

