धनबाद एयरलाइन से अछूता क्यों- केंद्रीय मंत्री को पत्र भेजकर साझा किया दर्द

    धनबाद एयरलाइन से अछूता क्यों-  केंद्रीय मंत्री को पत्र भेजकर साझा किया दर्द

    धनबाद(DHANBAD) |  देश की कोयला राजधानी के रूप में झारखंड का धनबाद जाना जाता है. यहां केंद्रीय खनन एवं ईंधन अनुसंधान केंद्र, खान सुरक्षा महानिदेशालय ,आईआईटीआईएसएम , भारत कोकिंग कोल लिमिटेड, टाटा स्टील (कोलियरी डिवीजन), सेल, मेडिकल कॉलेज, एसीसी सीमेंट फैक्ट्री, दामोदर वैली कारपोरेशन और मैथन जैसे केंद्र सरकार के कई महत्वपूर्ण कार्यालय और संस्थान हैे.  देश-विदेश से लोगों का आना जाना लगा रहता है. इसके बावजूद हवाई यात्रा की सुविधा नहीं होने से दिक्कतें होती हैं. उक्त बातें लिखते हुए बैंक मोड़ चेंबर ऑफ कॉमर्स के पूर्व सचिव सुरेंद्र अरोड़ा ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री को पत्र लिखकर धनबाद को भी एयरलाइन से जोड़ने  का आग्रह किया है.  

    सुरेंद्र अरोड़ा ने इसके कारण भी पत्र में गिनाए है.  कहा है कि  30 लाख से अधिक आबादी वाले धनबाद जिला को झारखंड की आर्थिक राजधानी के रूप में भी जाना जाता है, लेकिन यहां हॉस्पिटल, नए उद्योग लगाने से उद्यमी कतराते है.  क्योंकि यहां हवाई सेवा उपलब्ध नहीं है.  हॉस्पिटल के लिए अच्छे डॉक्टर, आईआईटी के लिए अच्छे प्रोफेसर यहां आना नहीं चाहते.  क्योंकि हवाई सेवा उपलब्ध नहीं है.  आज छोटे शहरों को एयर रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम से जोड़ा गया है लेकिन धनबाद से भी वंचित रह गया है. 



    Related News