चाईबासा(CHAIBASA): झारखंड से सटे उड़ीसा के बोलानी थाना अन्तर्गत पुंडुल गांव की एक नाबालिग युवती के गर्भवती होने की जानकारी मिलने के बाद उसे घर से भगा दिया. उसके बाद युवती भटकते हुए नोवामुण्डी प्रखंड के हुदुबसुड़ गांव पहुंची. वहां संदिग्ध स्थिति में उसे घूमते देख गांव की पानी लागुरी ने अपने घर में रहने का शरण दिया.
पानी लागुरी अपनी एक महिला मित्र के सहयोग से नाबालिग युवती को 27 अप्रैल को नोवामुण्डी थाना लायी ताकि उसके घर वालों के यहां उसे सुरक्षित पहुंचा दिया जाए. इसके बाद युवती के करमपदा में रहने वाले एक रिश्तेदार से सम्पर्क साध उसे नोवामुण्डी थाना बुलाया गया. जहां थाना प्रभारी अंकिता सिंह की मौजूदगी में युवती को उसके रिश्तेदार अपने साथ ले जा रहे थे. इस बीच वह नोवामुण्डी के अख्तर ढा़बा में उसे खाना खिलाने ले गये. जहां से लड़की फरार हो गई.
नोवामुण्डी थाना में नाबालिग ने घटना के संबंध में बताया की वह सितम्बर-2021 में करमपदा गांव में आयोजित मागे पर्व मनाने अपने रिश्तेदार के घर गई थी. उसी दौरान उड़ीसा का रहने वाला और रुगडी में काम करने वाले एक युवक के सम्पर्क में आकर शारीरिक संबंध स्थापित कर ली और वह गर्भवती हो गई. उसके गर्भ में आठ माह का बच्चा पल रहा है. इस बात की जानकारी माता-पिता को होने के बाद उसे घर से निकाल दिया. इसके बाद वह बीते शनिवार को घर से निकल गई.
वह जहां- तहां भटकते हुए लोगों से भीख मांग गांव तक पहुंची. जहां पानी लागुरी ने अपने यहां शरण देकर अगले दिन नोवामुण्डी थाना लायी थी. युवती रो रही थी तथा वह आत्महत्या करने की बात कह रही थी. इसके बाद संवाददाता के प्रयास से पीड़िता के करमपदा में रहने वाले दूर के रिश्तेदार जहां वह मागे पर्व मनाने बीते वर्ष गई थी से सम्पर्क साध नोवामुण्डी थाना बुलाकर युवती को उसके हवाले कर दिया गया. लेकिन खाना खिलाने के दौरान वह शौच का बहाना बनाकर होटल से भाग गई।रिश्तेदार घंटों उसे खोजता रहा लेकिन वह नहीं मिली.
रिपोर्ट:संदीप गुप्ता ,गुवा चाईबासा


