फ्लाई ऐश उद्योग पर रहम करे झारखंड सरकार , एसोसिएशन की बैठक के बाद कारोबारियों ने की अपील


धनबाद(DHANBAD) | फ्लाई ऐश ब्रिक्स मैन्युफैक्चरर एसोसिएशन की बैठक आज यूनियन क्लब, धनबाद में हुई,बैठक में झारखंड इंडस्ट्रीज एन्ड ट्रेड एसोसिएशन के महासचिव राजीव शर्मा मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल हुए. शर्मा ने सभी से एकजुटता बनाये रखने और एक दूसरे के सुख - दुख में खड़े होने का आह्वान किया. JITA महासचिव ने कहा कि फ्लाई ऐश एक WASTE PRODUCT है, इससे आधारित उद्योगों को प्रदूषण विभाग के अनुसार वाइट कैटेगरी उद्योगों की श्रेणी में रखा है. राज्य सरकार को इसे संचालन करने में कानून में विशेष सहूलियत देने की मांग की और माइनिंग लाइसेंस से छूट देने की अपील की.
राज्य सरकार सहूलियतों पर करे विचार
राज्य सरकार ने एक बेहतर औद्योगिक नीति प्रस्तुत की है, इसके अनुरूप सहूलियत भी देनी चाहिए. इसके अतिरिक्त निम्नलिखित विषयों पर सहमति जताई गई. जैसे खनन विभाग में फ्लाई एस ब्रिक्स एवं पेवर ब्लॉक जैसी छोटी इंडस्ट्री पर सभी तरह के माइनिंग लाइसेंस से छूट दिलवाने की पहल करनी है, इस संदर्भ में खनन विभाग से सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों को इससे बाहर करने की मांग की गई. मेथन पावर लिमिटेड से एक प्रतिनिधिमंडल मिलकर फ्लाई ऐश 100 किलोमीटर के परिधि में ₹1 प्रति टन में उपलब्ध कराने के लिए प्रयास किया जाएगा, इस संदर्भ में सभी पावर प्लांट को मौजूदा कानूनों के अंतर्गत फ्लाई ऐश आधारित उद्योगों को सहयोग किये जाने की जरूरत है.
मूल्य बढ़ाने का भी हुआ निर्णय
सभी सदस्यों के बीच में सहमति बनी की सीमेंट और डीजल के दाम में वृद्धि के कारण आज से फ्लाई ऐश ब्रिक में 50 पैसे से ₹1 प्रति बिक्स की वृद्धि की जाएगी. बैठक की अध्यक्षता संजय हेलिवाल एवं धन्यवाद ज्ञापन महासचिव अजय अग्रवाल ने किया. उपरोक्त बैठक में महासचिव अजय अग्रवाल ,कोषाध्यक्ष विवेक रूंगटा ,दीपक जैन ,संजय पटवारी ,जगदीप अग्रवाल, जीतू अग्रवाल ,नीरज अग्रवाल, राजीव ,योगेश सिंह, प्रहलाद यादव, अमन गुप्ता, हेमंत गुप्ता ,अरुण बनर्जी, आदि सदस्य उपस्थित थे.
रिपोर्ट : अभिषेक कुमार सिंह ,ब्यूरो हेड ,धनबाद
4+