गुमला(GUMLA): गुमला जिला के उपायुक्त के कार्यालय परिसर में टानाभगत व प्रशासन के बीच काफी हंगामेदार बैठक हुई. इस बैठक में कई बार टानाभगत समाज के लोग आक्रोशित होते हुए भी नजर आए. जिसे प्रशासनिक पदाधिकारियो ने शांत कराया. टानाभगत समुदाय के लोगों का कहना है कि संविधान में उन्हें जो अधिकार दिया गया है वह आज तक नहीं मिल पाया है. बैठक में डीसी, एसपी के साथ ही एसडीओ व अपर समाहर्ता भी मौजूद थे. इस मीटिंग में हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला. टानाभगत भगत समुदाय के सदस्यों का कहना था कि इस इलाके में उन्हें संविधान की विभिन्न धाराओ से अधिकार प्राप्त है. लेकिन, उसका अनुपालन यहां नहीं हो रहा है. उनका कहना है कि इस इलाके सहित राज्य के कई जिलों में उनकी अपनी व्यवस्था होनी चाहिए, जिसका संचालन वे खुद करेंगे. वहीं इन लोगो ने संविधान की विभिन्न धाराओं का उल्लेख करते हुए भी अपने अधिकार की बात कही.
सरकार के निर्देश का किया जाएगा पालन
इस पूरे मामले पर अपर समाहर्ता सुधीर कुमार गुप्ता ने कहा कि उन्हें सरकार के निर्देश पर चलना होता है. वहीं एसडीओ रवि आनंद ने कहा कि टानाभगत समुदाय के लोगों ने एक मांग पत्र भी दिया है जिसको वे सरकार को भेजेंगे और सरकार की ओर से जो निर्देश मिलेगा, उसका पालन किया जाएगा. एसडीओ ने कहा कि इन लोगो को मार्च तक का समय दिया गया है. इस अवधि में मामले की समाधान की कोशिश की जाएगी.
बता दें कि टाना भगतों को लेकर यह कोई पहला विवाद नहीं है. पूर्व में भी कई बार हंगामा और आक्रोश देखने को मिला है. ऐसे में सरकार को चाहिए कि टानाभगत के मामले में एक निर्णय लेकर जिला प्रशासन को सौप दें. ताकि उसके अनुसार उस पर कार्रवाई हो और टानाभगत समुदाय का भी विकास हो सके.
रिपोर्ट: सुशील कुमार सिंह, गुमला
Thenewspost - Jharkhand
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