BCCL: अधिकारियो को जल्द मिल जाएगा मोबाइल लेकिन उनको इसके लिए यह काम तुरंत करना होगा !

    BCCL: अधिकारियो को जल्द मिल जाएगा मोबाइल लेकिन उनको इसके लिए यह काम तुरंत करना होगा !

    धनबाद (DHANBAD) : देश की कोयला उत्पादक कंपनी कोल इंडिया की सबसे बड़ी इकाई बीसीसीएल में अब अधिकारियों को बहुत जल्द मोबाइल मिल जाएगा. इससे संबंधित आदेश जारी हो गया है. लेकिन अधिकारियों को इसके लिए आवेदन देना होगा. मुख्यालय के अधिकारियों को महाप्रबंधक-एचओडी के पास आवेदन करना होगा. एरिया के अधिकारियों को एरिया जीएम के पास डिमांड रखनी होगी. उनकी मंजूरी के बाद ही स्मार्टफोन के लिए अग्रिम या भुगतान होगा. हर एक ऑफिसर को स्मार्टफोन के लिए ग्रेड के अनुसार 30 से ₹60,000 तक का भुगतान मिलेगा. मैनेजमेंट की ओर से इसके लिए एक संशोधित आवेदन फॉर्मेट भी जारी किया गया है. हालांकि कोल इंडिया द्वारा कोयला अधिकारियों को स्मार्टफोन खरीदने के लिए भुगतान के आदेश के बाद नया बखेड़ा भी शुरू हो गया है. अब कोयलाकर्मी  भी खुद के लिए लैपटॉप और मोबाइल की मांग करने लगे है. 

    कोल इंडिया के कर्मी भी मांगने लगे है मोबाइल 

    उनका कहना है कि ऐसा होने से कर्मियों की कार्यदक्षता बढ़ेगी, धनबाद कोलियरी कर्मचारी संघ ने आरोप लगाया है कि कोल इंडिया मैनेजमेंट भेदभाव की नीति पर काम कर रहा है. कर्मचारी संघ का कहना है कि कोल इंडिया के अफसर को लैपटॉप और मोबाइल की सुविधा दी गई है. तो मजदूरो को भी इसका लाभ मिलना चाहिए. श्रमिकों में भी चेतना और स्किल का विकास हो रहा है. वह पूरी निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन कर रहे है. उन्हें भी अफसर की तरह संसाधन और सुविधाएं मिलनी चाहिए. जिससे कोल इंडिया का उत्पादन बढ़ सकता है. खैर, अब इस पर मैनेजमेंट क्या निर्णय लेता है, यह तो देखने वाली बात होगी. लेकिन यह मांग कोल इंडिया के सभी अनुषंगी कंपनियों में फैल गई है. जगह-जगह मीटिंग की जा रही है. बैठकें हो रही है. 
     
    कोल इंडिया में अधिकारियों को ग्रेड के मुताबिक होगा भुगतान 
     
    कोल इंडिया में अधिकारियों को उनके ग्रेड के अनुसार स्मार्टफोन के लिए राशि का भुगतान करने का निर्णय हुआ है. E- 9 ग्रेड वाले अधिकारियों को₹60000 मिलेंगे. E -7 अथवा E- 8 ग्रेड के अधिकारियों को ₹50,000, E-4 स्तर के अधिकारियों को ₹40000 और E-3 ग्रेड के अधिकारियों को ₹30000 का भुगतान होगा. स्मार्टफोन के लिए राशि की मांग अधिकारी लंबे समय से कर रहे थे. अन्य महारत्न पीएसयू में जैसे ही यह योजना लागू की गई, उसी समय से यह मांग उठने लगी थी. दरअसल, कोल इंडिया के स्थापना दिवस पर ही इस योजना के लागू होने की उम्मीद थी. लेकिन मजदूर संगठनों के विरोध की वजह से इसे टाल दिया गया था. 

    रिपोर्ट-धनबाद ब्यूरो  

     

     


    the newspost app
    Thenewspost - Jharkhand
    50+
    Downloads

    4+

    Rated for 4+
    Install App

    Our latest news