टीएनपी डेस्क (TNP DESK): देश के करोड़ों किसान लंबे समय से पीएम किसान योजना कि राशि का इतंजार कर रहे थे. उनके लिए बड़ी खबर है जहां लंबे इतंजार के बाद प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM Kisan) योजना की 23वीं किस्त जारी कर दी गई है. साथ ही पात्र किसानों के बैंक खातों में 2000 की राशि भेजी गई है. यह राशि सीधे डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से किसानों के खातों में ट्रांसफर की जा रही है, जिससे उन्हें बिना किसी बिचौलिए के आर्थिक सहायता मिल सके.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के तारकेश्वर से इस किस्त का औपचारिक हस्तांतरण किया. इस चरण में 9.44 करोड़ से अधिक किसानों को लाभ मिलने जा रहा है और करीब 18,880 करोड़ की राशि सीधे उनके बैंक खातों में भेजी जा रही है. ऐसे में देशभर के किसान अपने मोबाइल या कंप्यूटर के जरिए घर बैठे यह जान सकते हैं कि उनके खाते में पैसा पहुंचा है या नहीं.
खेती-किसानी में बढ़ती लागत, बीज, खाद, सिंचाई और अन्य खर्चों के बीच पीएम किसान योजना किसानों के लिए एक बड़ी आर्थिक मदद बनकर उभरी है. इस योजना के तहत पात्र किसानों को हर साल 6,000 की सहायता दी जाती है, जिसे 2,000 की तीन बराबर किस्तों में सीधे खाते में भेजा जाता है. 23वीं किस्त जारी होने के बाद लाखों किसान खरीफ फसल की तैयारियों, कृषि कार्यों और घरेलू जरूरतों के लिए इस पैसे का इस्तेमाल कर सकते है. भले ही रकम कई छोटे लेकिन जरूरी खर्चों को पूरा करने में बेहद काम आती है.
अगर आप भी पीएम किसान योजना के लाभार्थी हैं और जानना चाहते हैं कि आपके खाते में 2,000 पहुंचे हैं या नहीं, तो इसके लिए कहीं जाने की जरूरत नहीं है. आप ऑनलाइन आसानी से अपना स्टेटस देख सकते हैं.
स्टेप 1: पीएम किसान पोर्टल पर जाएं.
स्टेप 2: होमपेज पर मौजूद "Know Your Status" विकल्प पर क्लिक करें.
स्टेप 3: अपना रजिस्ट्रेशन नंबर दर्ज करें.
स्टेप 4: आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजे गए ओटीपी को सत्यापित करें.
स्टेप 5: इसके बाद आपकी किस्त, भुगतान स्थिति, पात्रता और अन्य जानकारी स्क्रीन पर दिखाई देगी.
कई किसानों को यह चिंता रहती है कि उनका नाम लाभार्थी सूची में शामिल है या नहीं. इसके लिए भी पोर्टल पर आपकी सहुलियत के सुविधा उपलब्ध है. किसान राज्य, जिला, ब्लॉक और गांव का चयन कर अपने क्षेत्र की लाभार्थी सूची देख सकते हैं. यदि सूची में नाम नहीं दिखाई देता है, तो किसान को अपने दस्तावेज, भूमि रिकॉर्ड और पात्रता संबंधी जानकारी की जांच करनी चाहिए.
जो किसान खुद ऑनलाइन पंजीकरण कर चुके हैं या कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से आवेदन कराया है, वे भी अपनी आवेदन स्थिति ऑनलाइन देख सकते हैं. आधार नंबर दर्ज कर यह पता लगाया जा सकता है कि आवेदन स्वीकृत हुआ है या अभी प्रसेस में है.
सरकार लगातार लाभार्थियों को ई-केवाईसी पूरा करने और बैंक खाते को आधार से लिंक रखने को कहती है. यदि किसी किसान की ई-केवाईसी अधूरी है, आधार लिंक नहीं है या बैंक खाते में कोई त्रुटि है, तो आपकी किस्त के पैसे रुक सकते है. इसलिए किसानों को समय-समय पर अपने दस्तावेजों और बैंक खाते की जांच करते रहना चाहिए ताकि आने वाले समय में किस्तों आने में किसी तरह की परेशानी न हो.
पीएम किसान योजना आज देश के करोड़ों किसानों के लिए नियमित आय सहायता का एक मजबूत माध्यम बन चुकी है. हर चार महीने में मिलने वाली यह सहायता किसानों को खेती से जुड़े जरूरी खर्चों को पूरा करने में मदद करती है. 23वीं किस्त जारी होने के साथ ही लाखों परिवारों के चेहरों पर मुस्कान लौट आई है और उन्हें खेती के नए सीजन के लिए आर्थिक राहत मिली है.

