टीएनपी डेस्क(TNP DESK): अमेरिका की ओर से ईरान के करीब 90 सैन्य ठिकानों पर कार्रवाई के बाद ईरान ने भी जवाबी हमला किया. इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने बहरीन और कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया. इस कार्रवाई के बाद पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया है.
किन अमेरिकी सैन्य ठिकानों को बनाया गया निशाना
ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, कुवैत में कैंप आरिफजान और अली अल सलेम एयर बेस पर हमले किए गए. वहीं बहरीन में जुफफायर और शेख ईसा एयर बेस को भी निशाना बनाया गया. इन सभी ठिकानों पर अमेरिकी सेना की तैनाती है. हमलों के बाद सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.
IRGC ने अमेरिका को दी सख्त चेतावनी
हमले के बाद IRGC ने कहा कि अगर अमेरिका ने आगे भी सैन्य कार्रवाई जारी रखी, तो उसे पहले से ज्यादा कड़ा जवाब दिया जाएगा. संगठन ने दावा किया कि अगली कार्रवाई में क्षेत्र में मौजूद अन्य अमेरिकी सैन्य ठिकाने भी निशाने पर आ सकते हैं. ईरान ने अमेरिका पर अपने वादे तोड़ने का आरोप भी लगाया.
ईरानी संसद अध्यक्ष का अमेरिका पर हमला
ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बागेर गालिबाफ ने कहा कि अमेरिका को अपनी दादागिरी की कीमत चुकानी होगी. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान पर हमला किया गया, तो उसका जवाब भी पूरी ताकत से दिया जाएगा. उनके बयान ने दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव को और गहरा कर दिया है.
अमेरिका ने जारी किया सैन्य अभियान का वीडियो
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने बताया कि हालिया अभियान में ईरान के कई रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया गया. सेना ने कार्रवाई के कुछ वीडियो भी जारी किए हैं, जिनमें रनवे और मिसाइल लॉन्चर पर हमले दिखाई दे रहे हैं. हालांकि अमेरिका ने फिलहाल हवाई हमले रोकने की बात कही है.
हाई अलर्ट पर अमेरिकी सेना
CENTCOM ने कहा कि भले ही फिलहाल हमले रोक दिए गए हैं, लेकिन अमेरिकी सेना पूरी तरह हाई अलर्ट पर है. राष्ट्रपति के अगले आदेश मिलते ही किसी भी नए अभियान के लिए सभी सैन्य बल तैयार हैं. बढ़ते तनाव के बीच पूरी दुनिया की नजर अब दोनों देशों के अगले कदम पर टिकी हुई है.
