TNP DESK- समृद्धि यात्रा के तहत शुक्रवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार मुजफ्फरपुर पहुंचे. इस दौरान उन्होंने जिले को कुल 853 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं की सौगात दी. इसमें 194 करोड़ रुपये की 89 योजनाओं का शिलान्यास, 212 करोड़ रुपये की 47 योजनाओं का उद्घाटन और 447 करोड़ रुपये की 36 योजनाओं का कार्यारंभ शामिल है.
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जिले में चल रही और प्रस्तावित विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की. जिला प्रशासन की ओर से उन्हें विभिन्न योजनाओं की स्थिति से अवगत कराया गया. यात्रा के क्रम में मुख्यमंत्री बखरी चौक पहुंचे जहां फोर लेन निर्माण, निर्माणाधीन चंदवारा पुल के अंतर्गत फेज टू संपर्क सड़क के निर्माण के संबंध सीएम को प्रशासन की ओर से जानकारी दी गई.
इस दौरान एनएचएआई विभाग के द्वारा भी सीएम को कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की जानकारी दी. बताया गया कि मुजफ्फरपुर ईस्ट बाइपास का एलाइनमेंट तय कर लिया गया है, जबकि रामदयालु जंक्शन के विकास की योजना भी तैयार कर ली गई है. इसके तहत रामदयालुनगर में सर्कुलर रोड बनेगा, जहां से मधौल, दिघरा और खबड़ा की ओर तीन एलिवेटेड सड़कें निकलेंगी. इसके साथ ही रिंग रोड निर्माण से शहर के ट्रैफिक दबाव में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है.
मुख्यमंत्री ने जीविका दीदियों के स्टॉलों का निरीक्षण किया और उनके कार्यों की सराहना की. इसके बाद वे बाजार समिति परिसर में आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए. कार्यक्रम में मंत्री, सांसद, विधायक, जनप्रतिनिधि, जीविका दीदियां और बड़ी संख्या में आम लोग मौजूद रहे.
इसी क्रम में मुख्यमंत्री ने 71 करोड़ रुपये की लागत से बाजार समिति में बने प्रशासनिक भवन और 283 नई दुकानों का उद्घाटन भी किया. इस दौरान मुख्य मंत्री ने मंच से ऐलान किया कि अगले 5 वर्षों में एक करो युवाओं को नौकरी और रोजगार देने का काम किया जाएगा इसके लिए राज सरकार की ओर से कौशल विकास विभाग का गठन भी किया जाएगा. उन्होंने कहा कि वर्ष 2005 में वर्ष 2005 में एनडीए की सरकार बनी तब से बिहार में कानून का राज्य स्थापित है. हर क्षेत्र में सरकार विकास के लिए कृत संकल्पित है. उन्होंने सड़क शिक्षा स्वास्थ्य बिजली और महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए किए गए कार्य को गिनता और कहा कि बिहार में लचर शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए नियोजित शिक्षकों की बहाली की और जरूरत पड़ने पर आगे चलकर लोक सेवा आयोग की ओर से बड़े पैमाने पर सरकारी शिक्षकों की बहाली की गई. उन्होंने बताया कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी बदले हालात को सुधारने के लिए अस्पतालों में आधारभूत संरचना मुहैया कराई गई और रोगियों को मुफ्त दवा मुफ्त उपचार की सेवा दी गई. उन्होंने मां से ऐलान किया कि आने वाले दिनों में हर घर मुक्त बिजली देने का काम करेंगे. इस अभियान के तहत सरकार की ओर से हर घर में सोलर लाइट की व्यवस्था मुहैया कराई जाएगी. उन्होंने सात निश्चय योजना का हवाला देते हुए कहा कि इसको समय-समय पर विस्तार दिया जा रहा है. इसके तहत अगले 5 वर्षों में सरकार सभी महत्वाकांक्षी योजनाओं को पूर्ण करेंगी.
बिहार के सुदूर ग्रामीण क्षेत्र से पटना पहुंचने के लिए कम से कम समय लगे इसके लिए सरकार की ओर से सड़क और पुल पुलिया की व्यवस्था की जा रही है. उन्होंने याद दिलाया कि पहले सड़क की जगह खड़े थे. अब लोगों को सड़क से सुगम यात्रा की अनुभूति हो रही होगी. उन्होंने यह भी याद दिलाया कि उनकी सरकार की ओर से बिहार में जाती जनगणना कराई गई थी. जिसमें 94 लाख गरीब परिवार मिले हैं जिसमें सभी जाति धर्म समुदाय के लोग शामिल हैं. सरकार शीघ्र ही इनके लिए रोजगार और व्यापार के लिए व्यवस्था करने को किस संकल्पित है.
मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि वर्ष 20 30 तक सरकार अपने सभी संकल्पना को पूर्ण कर लेगी. खास तौर पर महिला सशक्तिकरण के लिए किए गए कार्यों का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं के स्वयं सहायता समूह को उन्होंने जीविका के रूप में विकसित करने का काम किया है और आज जीविका से जुड़कर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रहे हैं.
दूसरी ओर सरकार ने बिहार में हर तरह की नौकरी में महिलाओं के लिए 35% आरक्षण की व्यवस्था दी है जबकि पंचायती राज चुनाव और नगर निकाय के चुनाव में महिलाओं को 50% का आरक्षण दिया गया है.
मौके पर बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व में बिहार के सतत विकास की ओर ध्यान आकृष्ट कराते हुए कहा कि मुजफ्फरपुर सरकार के लिए प्राथमिकता सूची में रहा है. यह कोशिश जारी है कि यहां के लोग 5 से 6 घंटे में कोलकाता की दूरी तय करें इसके लिए सरकार की ओर से कर जारी है. उन्होंने कहा कि यहां अतिक्रमण की समस्या रही है जिस पर काबू करने के बाद मुजफ्फरपुर को स्मार्ट बनने का काम किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने न्याय यात्रा प्रगति यात्रा के बाद अब समृद्धि यात्रा के माध्यम से लोगों की परेशानी जानने उसके निदान करने और बिहार में सुशासन का राज स्थापित करने के लिए जो कदम उठाया है. यह अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरक कदम साबित होगा.
