✕
  • News Update
  • Trending
  • Jharkhand
  • Bihar
  • Politics
  • Business
  • Sports
  • National
  • Crime Post
  • Life Style
  • Health Post
  • Foodly Post
  • TNP Special Stories
  • Big Stories
  • Know your Neta ji
  • Entertainment
  • Know Your MLA
  • Art & Culture
  • Tour & Travel
  • Local News
  • Special Stories
  • TNP Photo
  • Techno Post
  • covid -19
  • LS Election 2024
  • TNP Explainer
  • International
  • Blogs
  • Education & Job
  • Special Story
  • Religion
  • Top News
  • Latest News
  • Lok Sabha Chunav 2024
  • YouTube
☰
  1. Home
  2. /
  3. Trending

रामचरितमानस विवाद : विश्व हिंदू परिषद ने बिहार के शिक्षा मंत्री का फूंका पुतला, जूते चप्पलों से की पिटाई

BY -
Samiksha Singh
Samiksha Singh
Copy Editor • TheNewsPost.in
PublishedAt: January 15, 2026, 2:03:23 PM

पटना(PATNA): विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल की ओर से पटना के इनकम टैक्स गोलंबर पर बिहार के शिक्षा मंत्री प्रोफेसर चंद्रशेखर सिंह का पुतला फूंका गया. सबसे पहले विश्व हिंदू परिषद के सदस्यों ने हनुमान चालीसा का पाठ इनकम टैक्स गोलंबर पर किया और उसके बाद चंद्रशेखर सिंह इस्तीफा दो, चंद्रशेखर सिंह हाय हाय के नारे लगे और पुतला फूंका गया.  इस दौरान चंद्रशेखर सिंह के पुतले जूते चप्पल से पीटा गया. शिक्षा मंत्री की अगर हिम्मत है तो कुरान और बाइबिल पर बोल कर देखें, अगर हिम्मत है तो किसी इस्लामिक राष्ट्र और क्रिश्चियन राष्ट्र में जाकर बोल कर दिखाएं सर धड़ से अलग कर दिया जाएगा. लेकिन हमारा हिंदू समाज है, हिंदुस्तान है जिस कारण हम लोग सुन भी ले रहे हैं. लेकिन ध्यान रहे बजरंग दल खड़ा है, हिंदुओं के जहां  खिलवाड़ होगा वहां बजरंग दल खड़ा है. हिंदुओं का जहां संघर्ष होगा वहां बजरंग दल पड़ा रहेगा अपना खून बहा देगा. 

बिहार के शिक्षा मंत्री का क्या था बयान?

बिहार के शिक्षा मंत्री ने विवादित बयान दिया है. शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर ने रामचरितमानस को नफरत फैलाने वाला ग्रंथ बताया है. बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर ने बुधवार को कहा कि रामायण पर आधारित एक महाकाव्य हिंदू धर्म पुस्तक रामचरितमानस समाज में नफरत फैलाती है. उनके इस दावे के बाद विवाद खड़ा हो गया. नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी के 15वें दीक्षांत समारोह में छात्रों को संबोधित करते हुए उन्होंने रामचरितमानस और मनुस्मृति को समाज को विभाजित करने वाली पुस्तकें बताया.  उन्होंने कहा, "मनुस्मृति को क्यों जलाया गया, क्योंकि इसमें एक बड़े तबके के खिलाफ कई गालियां दी गई थीं. रामचरितमानस का विरोध क्यों किया गया और किस भाग का विरोध किया गया? निचली जाति के लोगों को शिक्षा प्राप्त करने की अनुमति नहीं थी और रामचरितमानस में कहा गया है कि निम्न जाति के लोग शिक्षा प्राप्त करने से वैसे ही जहरीले हो जाते हैं जैसे दूध पीने के बाद सांप हो जाते हैं. 

Tags:bihar newsRamcharitmanas controversyVishwa Hindu Parishad burnt effigy of Bihar's education minister

© Copyrights 2023 CH9 Internet Media Pvt. Ltd. All rights reserved.