टीएनपी डेस्क (Tnp desk):-फ्रांस की राजधानी पेरिस के चार्ल्स डी गॉल एयरपोर्ट, जो देश का सबसे बड़ा हवाई अड्डा माना जाता है. यहां एक नया विवाद छिड़ गया है. यहां पर एयरपोर्ट के परिसर में मुस्लिम यात्रियों के एक समूह के नमाज पढ़ी, जिसके बाद बखेड़ा खड़ा हो गया . नमाज पढ़ने के बाद, एयरपोर्ट की तरफ से इस घटना पर खेद जताया गया है.
नमाज पढ़ने का यह वाकया ऐसे वक्त में हुआ है, जब फ्रांस की सरकार ने धर्म से जुड़ी बातों को दृढ़ता से निपटने की कसम खाई है. घटना की कई तस्वीरों को साझा किया गया है. जिसमे पेरिस के चार्ल्स डी गॉल एयरपोर्ट पर कुछ लोग नमाज पढ़ रहे हैं. वहीं कुछ लोग उनके पास बैठे हुए हैं.
हवाई सफर करने से पहले पढ़ी गई नमाज
नमाज पढ़ने की घटना एयरपोर्ट के डिपार्चर हॉल में हुई है. कुछ मुसाफिर जो जॉर्डन जाने वाली अपनी फ्लाइट का इंतजार कर रहे थे, इस दौरान जॉर्डन के लिए उड़ान भरने से पहले कई दर्जन यात्रियों को एक साथ प्रार्थना करते हुए दिखाया गया है. ये फोटग्राफ्स ऐसे समय में आई है, जब हमास और इजरायल के बीच जंग चल रही है और जिसके चलते फ्रांस में तनाव बढ़ रहा है. फ्रांस के परिवहन मंत्री क्लेमेंट ब्यून ने इस मसले पर एक्स पर लिखा कि हवाई अड्डे के अधिकारी नियमों को लागू करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं.
फ्रांस का सबसे बड़ा हवाई अड्डा है चार्ल्स डी गॉल
चार्ल्स डी गॉल एय़रपोर्ट फ्रांस का सबसे बड़े हवाई अड्डे के तौर पर जाना जाता है . इस एयरपोर्ट के परिसर के टर्मिनल 2 बी पर मुस्लिम यात्रियों ने नमाज पढ़ी है. बताया जा रहा है कि इस प्रार्थना सभा में करीब 30 यात्रियों ने हिस्सा लिया . न्यूज एजेंसी एएफपी के मुताबिक करीब 10 मिनट तक नमाज पढ़ी गई. सभी धर्मों के लोगों के लिए निजी तौर पर प्रार्थना करने के लिए हवाई अड्डे पर विशेष पबांदी लगाई गई है. फ्रांस में हवाई अड्डों सहित स्कूलों और सार्वजनिक भवनों जैसे सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक विश्वास के प्रदर्शन को मंजूरी नहीं देता है.
हर तरफ इसकी चर्चा
एयरपोर्ट पर नमाज पढ़ने की घटना की हर तरफ चर्चा हो रही है. खासकर, इजरायल औऱ हमास के बीच चल रही जंग के चलते फ्रांस का माहौल में थोड़ा गरमाये हुए हैं. ऊपर से एयरपोर्ट पर इस घटना के बाद हर तरफ चर्चाएं तेज हो गई है. ऑपरेटर एयरोपोर्ट्स डी पेरिस के के सीईओ ऑगस्टिन डी रोमानेट ने भी अपने एक्स एकाउंट पर अपनी बात रखी . उन्होंने इसे अफसोसजनक बताया और आगे लिखा कि 'समर्पित पूजा स्थल मौजूद हैं. बॉर्डर पुलिस को इस पर रोक लगाने का निर्देश दिया गया है और वो अपनी सतर्कता बढ़ाएंगे'. उन्होंने ये भी लिखा कि इजरायल और हमास के युद्ध के बीच हुई इस घटना को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है. उन्होंने ऐसा करने वालों को सख्त चेतावनी भी दी है. इधर, पूर्व मंत्री नोएल लेनोइर ने इन तस्वीरों को शेयर किया. उन्होंने तंज कसते हुए एयरपोर्ट डी पेरिस के सीईओ से सवाल किया है. उनका कहना है कि सीईओ क्या कर रहे हैं, जब उनका हवाई अड्डा एक मस्जिद में तब्दील हो जाता है? क्या स्थिति में बदलाव आधिकारिक है?'