कैमूर(KAIMUR): बड़ी खबर कैमूर से आ रही है. जहां मंत्री सुधाकर सिंह ने अपने विभाग के पदाधिकारियों को चोर कहा और खुद को चोरों का सरदार बताया है. बता दें कि जिले के चांद प्रखंड में कृषि मंत्री सुधाकर सिंह अभिनंदन समारोह में लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि लोकतंत्र में जनता ही मालिक होती है और जिन अधिकारियों को भ्रम है कि हम लोग कानून तोड़कर बच जाएंगे मुझे विश्वास है कि वह बच नहीं पाएंगे. बचने के लिए जितनी ताकत लगानी है लगा लें फिर भी वह बचेंगे नहीं. जब मैं सरकार में नहीं था, तभी आप लोगों एवं किसानों की समस्याओं को लेकर सड़क से लेकर सदन तक बोला करता था. आज मैं सरकार में हूं तब भी चुप नहीं बैठूंगा, जो किसान एवं आम लोगों की समस्या है उसे लेकर बोलता ही रहूंगा चाहे इसके लिए मुझे अपनी कुर्सी क्यों नहीं गंवानी पड़े.
कृषि विभाग के अधिकारियों की स्थिति यह है कि जमीन की बजाय आंकड़ों की खेती कागज पर करते हैं. आंकड़ों में बताया गया है कि 87 फीसदी रोपनी हो गई और बारिश महज 40 प्रतिशत कम हुई है, जो कि पूरी तरह से फर्जी है. अधिकारी इस कदर भ्रष्ट हैं कि सरकार के सामने रोज गलत आंकड़े पेश करते हैं. खाद की बिक्री से लेकर धान खरीद, माप तोल का लाइसेंस देने सहित दाखिल खारिज तक में घूस लिया जा रहा है. हम लगातार प्रयासरत हैं कि कम से कम हम अपने विभाग में भ्रष्टाचार पर लगाम लगाएं और इसका असर भी आपको आने वाले दिनों में दिखेगा. फिलहाल दो कानूनों को बदलवाने पर लगा हुआ हूं पहला धान खरीदी के नियम में बदलाव किया जाए] टैक्स के अलावा अन्य एजेंसियों से भी धान की खरीदी की जाए. वहीं मंडी की व्यवस्था पहले की तरह फिर से लागू की जाए.