टीएनपी डेस्क (TNP DESK): झारखंड को खनिज संसाधनों में काफी अमीर माना जाता है. वहीं यहाँ के नेता मंत्री भी दुनियाँ के अमीरों की गिनती में आते हैं. पर अमीर और रहीसोन की गिनती के नेता मंत्रियों तक सीमित नहीं है. बल्कि राज्य के कई ऐसे IAS-IPS अधिकारी भी हैं जो ना सिर्फ झारखंड बल्कि अन्य राज्यों में भी अपनी अचल संपत्ति बना चुके हैं, जो करोड़ों में है. वहीं हलियाँ रेपोर्ट्स में राज्य के IAS-IPS अधिकारियों की संपाती को लेकर जारी हुए आकड़े चौकाने वाले हैं.
दरअसल झारखंड कैडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) और भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारियों द्वारा सरकार को सौंपे गए वार्षिक संपत्ति विवरण के अनुसार झारखंड कैडर के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अमित गड़देसी 6.39 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति के साथ राज्य के सबसे संपन्न अधिकारियों में शामिल हो गए हैं. उनकी अधिकांश संपत्तियां अधिग्रहण और पारिवारिक विरासत से जुड़ी बताई गई हैं.
सरकारी रिकॉर्ड के मुताबिक झारखंड कैडर के कुल 139 आईएएस अधिकारियों ने अपनी चल-अचल संपत्ति का विवरण राज्य सरकार को सौंपा है. इन अधिकारियों के पास झारखंड के अलावा आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, बिहार और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में भी बहुमूल्य संपत्तियां दर्ज हैं.
IPS अधिकारियों की संपत्ति भी करोड़ों में
आईपीएस अधिकारियों की सूची में भी कई नाम सामने आए हैं जिनके पास देश के अलग-अलग हिस्सों में बड़ी अचल संपत्तियां हैं. आईजी HR क्रांति गढ़देशी के नाम आंध्र प्रदेश में 1600 वर्ग फीट का फ्लैट (49.75 लाख), 1.95 करोड़ की कॉमर्शियल साइट, 268 वर्ग यार्ड का मकान (50 लाख), 450 वर्ग यार्ड का घर (30 लाख) सहित कई कृषि भूमि दर्ज हैं. इसके अलावा तेलंगाना में 455 वर्ग यार्ड का मकान 2 करोड़ रुपये मूल्य का है.
डीजी होमगार्ड एम.एस. भाटिया के पास हरमू में दो प्लॉट (9.89 लाख) और मोहाली में जमीन (2.10 लाख) दर्ज है.
रेल डीजी अनिल पालटा के नाम हरियाणा में 3035 वर्ग फीट का फ्लैट (2.26 करोड़), पश्चिम बंगाल में 1800 वर्ग फीट का फ्लैट (1.51 करोड़), कृषि भूमि और तालाब भी दर्ज हैं.
एडीजी एसीबी प्रिया दूबे की संपत्ति सूची भी लंबी है. उनके पास साउथ दिल्ली में फ्लैट (1.2 करोड़), कॉमर्शियल स्पेस (1.5 करोड़), रांची के अशोक नगर में 1.90 करोड़ का मकान, बिहार में 15 एकड़ कृषि भूमि (1.5 करोड़) और बरियातू में 70 लाख का प्लॉट दर्ज है.
डीजी वायरलेस प्रशांत सिंह के नाम यूपी के गोमती नगर और सेक्टर-93ए में फ्लैट व मकान, जबकि रांची के अशोक नगर में 8400 वर्ग फीट जमीन 2.25 करोड़ रुपये की बताई गई है.
जेडी सीबीआई संपत मीणा, एडीजी रेल सुमन गुप्ता और एडीजी ऑप्स टी. कंडास्वामी के नाम भी झारखंड, तमिलनाडु और अन्य राज्यों में लाखों से करोड़ों रुपये की अचल संपत्तियां दर्ज हैं.
बताते चलें कि नियमों के तहत सभी IAS-IPS अधिकारियों को हर वर्ष अपनी चल और अचल संपत्ति का विवरण सरकार को देना अनिवार्य है. इसका उद्देश्य प्रशासनिक पारदर्शिता बनाए रखना और जवाबदेही सुनिश्चित करना है. सरकारी सूत्रों के अनुसार इन विवरणों की विभागीय स्तर पर जांच की जा रही है और किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
