टीएनपी डेस्क (TNP DESK): राज्य में शहर की सरकार बन चुकी है और अब बस औपचारिक शपथ ग्रहण लेना बाकी है. पर इस बीच अभी भी डिप्टी मेयर के पद के लिए सस्पेंस बाकी है. ऐसे में सभी राजनीतिक डाल इस सीट की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं क्योंकि शहर की सरकार की कार्यप्रणाली में डिप्टी मेयर की खास भूमिका रहती है. ऐसे में निकाय चुनावों के बाद राज्य अलग अलग नगर निगम क्षेत्रों को मेयर मिल चूके हैं और अब बारी डिप्टी मेयर की है. पर क्या आप ये जानते हैं आखिर किसी नगर निगम में डिप्टी मेयर का चुनाव होता कैसे है?
दरअसल नगर निगम क्षेत्रों में डिप्टी मेयर का चुनाव होता है जबकि नगर परिषद और नगर पंचायतों में उपाध्यक्ष चुने जाते हैं. यह चुनाव अप्रत्यक्ष प्रक्रिया के माध्यम से संपन्न होता है, यानी इसमें आम मतदाता मतदान नहीं करते. केवल निर्वाचित वार्ड सदस्य ही मतदान में भाग लेते हैं. इस चुनाव में मेयर और अध्यक्ष वोट नहीं कर सकते. डिप्टी मेयर या उपाध्यक्ष के लिए किसी निर्वाचित पार्षद द्वारा ही उम्मीदवार बनाया जा सकता है और इस पद के लिए कोई आरक्षण प्रावधान नहीं है.
चुनाव की प्रक्रिया में सबसे पहले सभी निर्वाचित वार्ड सदस्यों का शपथ ग्रहण कराया जाता है. नगर निगम में मेयर को प्रमंडलीय उपायुक्त शपथ दिलाते हैं, जबकि नगर परिषद और नगर पंचायत में अध्यक्ष को जिला प्रशासन द्वारा शपथ दिलाई जाती है. इसके बाद डिप्टी मेयर और उपाध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया शुरू होती है. नामांकन पूरी होने के बाद केवल निर्वाचित वार्ड सदस्य ही मतदान करते हैं और जिस उम्मीदवार को सबसे अधिक वोट मिलते हैं, उसे डिप्टी मेयर या उपाध्यक्ष घोषित किया जाता है. इस तरह, डिप्टी मेयर और उपाध्यक्ष का चुनाव पूरी तरह पार्षदों के माध्यम से संपन्न होता है और उनके समर्थन से ही चुनाव में विजेता तय होता है.
बताते चलें कि झारखंड की राजधानी रांची में कुल 53 वार्ड हैं, जहां से पार्षद चुने गए हैं. ये निर्वाचित पार्षद ही डिप्टी मेयर के चुनाव में मतदान करते हैं और जिस उम्मीदवार को सबसे अधिक वोट मिलते हैं, वही डिप्टी मेयर बनते हैं. इस वर्ष रांची में डिप्टी मेयर का चुनाव 19 मार्च को होना तय किया गया है.
वहीं राज्य निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुसार झारखंड के सभी 48 नगर निकायों में डिप्टी मेयर और उपाध्यक्ष का चुनाव 10 मार्च से 20 मार्च के बीच संपन्न कराया जाएगा. आयोग के सचिव राधेश्याम प्रसाद ने बताया कि सभी नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों के लिए तिथिवार कार्यक्रम तैयार कर दिया गया है, ताकि दस दिनों के भीतर सभी निकायों में शपथ ग्रहण और डिप्टी मेयर/उपाध्यक्ष का चुनाव पूरा हो सके. ऐसे में मुख्य नगर निगमों में चुनाव का कार्यक्रम भी पहले से तय किया गया है. रांची नगर निगम में यह 19 मार्च को होगा, धनबाद नगर निगम में 18 मार्च, मानगो नगर निगम में 17 मार्च और मेदिनीनगर नगर निगम में 14 मार्च को चुनाव कराए जाएंगे. इस चुनाव में निर्वाचित वार्ड पार्षदों की भूमिका निर्णायक मानी जाती है. उनके मतदान से ही तय होता है कि डिप्टी मेयर या उपाध्यक्ष कौन बनेंगे. इसलिए किसी भी उम्मीदवार के लिए पार्षदों का समर्थन बेहद महत्वपूर्ण होता है.
