टीएनपी डेस्क(TNP DESK):श्री कृष्ण की नगरी मथुरा की लट्ठमार होली पुरे विश्वभर में काफी ज्यादा प्रसिद्ध है, जहां देश विदेश से लोग यहां होली के मौके पर लट्ठमार होली देखने और खेलने पहुंचते है.लेकिन पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर लट्ठमार होली को बदनाम करने के उद्देश्य से कुछ वीडियो वायरल किए जा रहे थे, जिसमे दिखाया जा रहा था कि वहां जाने वाली महिलाओं के साथ बदसलुकी की जाती है और होली और रंग लगाने के बहाने उनसे छेड़छाड होती है.जो सरासर गलत है पुलिस ने ऐसे 9 यूट्यूबर्स पर पर शिकंजा कसा है जिन्होनें इस तरह के फर्जी वीडियो वायरल करके नेगेटिव खबरें फेलाने की कोशिश की और विश्व प्रसिद्ध लठमार होली की छवि को धूमिल करने की भी कोशिश की थी.
फर्जी वीडियो दिखा कर अफवाह फ़ैलाई जा रही थी
आपको बता दें कि ब्रज की लट्ठमार होली 5000 वर्ष पुरानी है जिसकी संस्कृति को विश्व भर में पहचान मिली है लेकिन कुछ दिनों से वायरल हो रहे फर्जी वीडियो की वजह से इसकी छवि खराब हो रही थी जिसको देखते हुए पुलिस ने 9 Youtubers और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर के खिलाफ संगीन धराओं पर FIR दर्ज की है.आपको बता दें कि एसएसपी श्लोक कुमार के निर्देश के बाद जांच में सामने आया है कि कुछ लोग लाइक और अपने व्यूज के लिए विविदित वीडियो क्लिप को बरसाना और नंदगांव का बताकर वायरल कर कर रहे थे.दरअसल पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एडिटेड वीडियो दिखाकर बरसाना की लट्ठमार होली को बदनाम करने की कोशिश की जा रही थी और महिलाओं के साथ अभद्रता और अव्यवस्था को दिखाया जा रहा था जिसकी वजह से बरसाने की होली बदनाम हो रही थी. इसी के खिलाफ पुलिस ने अब कार्रवाई शुरू कर दी है.
फर्जी वीडियो में महिलाओं के साथ छेड़छाड़ दिखाई गई
मामले पर जानकारी देते हुए एसपी देहात सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि इस तरह के फेक वीडियो बरसाने की होली में महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की अफवाह फ़ैलाई जा रही थी. जिसकी वजह से सामाजिक तनाव की स्थिति उत्पन्न होने का खतरा बढ़ गया था.खासकर महिलाओं में होली के दौरान असुरक्षा और भय की भावना देखी जा रही थी जिस पर रोक लगाने के लिए कार्रवाई की गयी है.एसपी ने बताया कि इस वर्ष की होली पूरी तरह से शांतिपूर्ण रही किसी भी श्रद्धालु ने कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई है.
9 यूट्यूबर्स पके खिलाफ एफआईआर दर्ज
वही बरसाना पुलिस ने 9 सोशल मीडिया अकाउंट होल्डरों के खिलाफ भारतीय संहिता बीएनएस की धारा 196(2) 353(2) बी और आईटी एक्ट की धारा 67/67 ए के तहत मुकद्दमा दर्ज किया है.वही इसके साथ ही पुलिस की सर्विलांस टीम इन आरोपियों की लोकेशन को ट्रेस कर रही है.एसएसपी ने निर्देश दिया है कि किसी भी सांस्कृतिक परंपरा के साथ खिलवाड़ और अफवाह फेलाने वालों को बिल्कुल नहीं बख्शा जाएगा.
