टीएनपी डेस्क (TNP DESK): प्रेम विवाह का रिश्ता जब अविश्वास और तिरस्कार में बदल जाए, तो उसका अंत कितना भयावह हो सकता है, इसकी मिसाल उत्तर प्रदेश के कानपुर से सामने आई है. पत्नी की लगातार उपेक्षा और दरवाजा तक न खोले जाने से आहत युवक ने ससुराल की दहलीज पर आत्मघाती कदम उठा लिया. इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. अब पति-पत्नी की व्हाट्सऐप चैट और परिजनों के आरोपों ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है.
कानपुर के चकेरी थाना क्षेत्र में रहने वाले 25 वर्षीय विक्रम केवट ने पत्नी रिया की बेरुखी से टूटकर जहर खा लिया. बताया जा रहा है कि एक दोपहर विक्रम अपनी पत्नी को मनाने उसके मायके पहुंचा था. उसने काफी देर तक दरवाजा खटखटाया, लेकिन भीतर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. अंतिम कोशिश के तौर पर उसने दोपहर करीब 3.40 बजे पत्नी को फोन किया, लेकिन कॉल भी रिसीव नहीं हुई.
इससे मानसिक रूप से पूरी तरह टूट चुके विक्रम ने अपने ऑटो में बैठकर जहर खा लिया. हालत बिगड़ने पर वह किसी तरह घर पहुंचा, जहां परिजनों ने उसे तुरंत कांशीराम अस्पताल पहुंचाया. वहां से गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने हैलट अस्पताल रेफर कर दिया, जहां देर रात इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.
सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है. मृतक के पिता जय कुमार ने बताया कि विक्रम उनका इकलौता बेटा था और ऑटो चलाकर परिवार का गुजारा करता था. करीब आठ साल पहले उसका रिया से प्रेम संबंध शुरू हुआ था और ढाई साल पहले दोनों ने परिवार की मर्जी के बिना मंदिर में शादी कर ली थी.
शादी के बाद दंपती दामोदर नगर में किराए के मकान में रहने लगे. परिजनों का आरोप है कि विवाह के बाद रिया ने धीरे-धीरे परिवार से दूरी बना ली और विक्रम को भी उनसे मिलने से रोकने लगी. चार महीने पहले वह विक्रम को छोड़कर मायके चली गई थी और वापस नहीं लौटी.
परिवार का यह भी कहना है कि मानसिक तनाव के चलते विक्रम पहले भी कई बार आत्महत्या की कोशिश कर चुका था. हाल ही में पत्नी द्वारा घर से जेवर और नकदी ले जाने तथा बाद में फोन नंबर ब्लॉक कर देने से वह और ज्यादा टूट गया था.
मामले में पति-पत्नी के बीच हुई व्हाट्सऐप चैट भी सामने आई है, जिसमें पत्नी द्वारा अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया है. पत्नी अक्सर पाने पति को यह कहकर प्रताड़ित करती थी की वह नामर्द है. पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट व साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
