टीएनपी डेस्क (TNP DESK): दुनिया में कई ऐसे रिश्ते हैं जिन्हें भरोसे पर चलाया जाता है. दोस्ती भी उन्हीं में से एक ऐसा रिश्ता हैं जहां लोग एक दूसरे पर आँख बंद कर भरोसा कर लेते हैं. पर इन दिनों एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने ना सिर्फ दोस्ती को शर्मसार किया है बल्कि इंसानियत पर से भी भरोसा उठा दिया है. मामला है एक 17 वर्षीय नाबालिग का जिसकी हत्या कर उसके प्राइवेट पार्ट को 1.20 करोड़ रुपये में बेचने की कोशिश की गई. पर जब इस योजना में आरोपी नाकाम रहे तो उन्होंने युवक के प्राइवेट पार्ट को नदी में फेंक दिया.
दरअसल मामला मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल का है जहां 17 वर्षीय रेहान की हत्या के मामले में जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस के सामने कथित साजिश की कई कड़ियां सामने आई हैं. पुलिस के अनुसार, इस मामले में किशोर को करीब 1.20 करोड़ रुपये कमाने के लालच में निशाना बनाए जाने की बात सामने आई है. जांच के दौरान एक नाबालिग समेत करीब 13 लोगों से पूछताछ की गई है. हालांकि, पुलिस की जांच अभी जारी है और सामने आए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी.
पुलिस के मुताबिक, रेहान इकबाल मैदान, रेतघाट, कमला पार्क, बस स्टैंड और रॉयल मार्केट जैसे इलाकों में पेन और चाबी के छल्ले बेचकर अपना गुजारा करता था. 6 अगस्त को वह इकबाल मैदान के पास दो नाबालिगों के संपर्क में आया. दोनों ने कथित तौर पर उससे कहा कि खटलापुरा के पास कुछ युवकों से उनका विवाद हो गया है और वहां जाना है. इसके बदले रेहान को 100 रुपये देने की बात कही गई. रेहान उनके साथ चल पड़ा. रास्ते में रेतघाट के पास आमिर और कुछ अन्य नाबालिग भी उनके साथ शामिल हो गए. इसके बाद सभी लोग रेहान को गिन्नौरी और किलोल पार्क होते हुए छोटे तालाब के धोबी घाट की तरफ ले गए. पुलिस का कहना है कि इस दौरान आमिर और अन्य आरोपियों की जोहेब नाम के युवक से फोन पर लगातार बातचीत हो रही थी.
डॉक्टर बनकर संपर्क में आया था जोहेब
जांच में पुलिस को पता चला कि करीब एक महीने पहले एक नाबालिग की मुलाकात जोहेब से हुई थी. पुलिस के अनुसार, जोहेब खुद को मेडिकल की पढ़ाई करने वाला बताता था और एप्रन व स्टेथोस्कोप पहनकर लोगों से मिलता था. संपर्क बढ़ने के बाद उसने कथित तौर पर एक वीडियो दिखाया, जिसमें किसी व्यक्ति को बेहोश करने और उसके शरीर से निजी अंग निकालने से जुड़ी जानकारी दिखाई गई थी. पुलिस के मुताबिक, इसी दौरान निजी अंगों को बेचकर करीब 1.20 करोड़ रुपये कमाने का लालच दिया गया. कथित तौर पर बताया गया कि इसके लिए 15 से 16 साल की उम्र के किसी लड़के की जरूरत होगी. इसके बाद एक नाबालिग ने आमिर को इस योजना में शामिल किया और आगे दो अन्य नाबालिगों को भी जोड़ा गया.
पुलिस के अनुसार, 6 अगस्त को रेहान को बहाने से छोटे तालाब के धोबी घाट तक ले जाया गया. वहां पहुंचने के बाद आरोपियों ने कथित तौर पर जोहेब को फोन किया और बताया कि उन्हें वह लड़का मिल गया है जिसकी तलाश थी. पुलिस का दावा है कि इसके बाद रेहान की हत्या कर दी गई. हत्या के बाद शव के साथ भी कथित तौर पर आपराधिक गतिविधि की गई. पुलिस के अनुसार, एक नाबालिग ब्लेड और मास्क लेकर आया था. आमिर ने फोन पर जोहेब को हत्या की जानकारी दी. जोहेब मौके पर नहीं पहुंच सका और कथित तौर पर पहले दिखाए गए वीडियो के आधार पर आगे बढ़ने को कहा. पुलिस का दावा है कि इसके बाद रेहान के शरीर के निजी अंगों को अलग कर प्लास्टिक की थैली में रखा गया. हालांकि, पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और सभी तथ्यों की पुष्टि साक्ष्यों के आधार पर की जा रही है.
जांच के अनुसार, जोहेब कथित तौर पर इन अंगों को बेचने में सफल नहीं हुआ. बाद में उसने उन्हें आमिर और अन्य नाबालिगों को वापस कर दिया. कुछ दिन तक इन्हें अपने पास रखने की बात कही गई. जब दोबारा संपर्क हुआ तो बिक्री का रास्ता नहीं निकल सका. इसके बाद आरोपियों ने कथित तौर पर उन हिस्सों को तालाब में फेंक दिया. रेहान के गायब होने के पांच दिन बाद 11 अगस्त को छोटे तालाब से एक शव मिला. कपड़ों और चप्पलों के आधार पर 14 अगस्त को परिजनों ने शव की पहचान रेहान के रूप में की. इसके बाद पुलिस ने पूछताछ का दायरा बढ़ाया. मामले में एक अन्य 17 वर्षीय किशोर ने भी हत्या की कोशिश किए जाने का आरोप लगाया है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध है या नहीं. एडिशनल DCP शैलेंद्र सिंह चौहान के अनुसार, करीब 13 लोगों से पूछताछ की जा चुकी है. पुलिस कथित अंग बिक्री और किसी संभावित नेटवर्क की भूमिका समेत सभी पहलुओं की जांच कर रही है.
