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अब घर के हर कोने तक पहुंचेगा मजबूत नेटवर्क, पढ़िए कैसे Jio की Smart Wall टेक्नोलॉजी से खत्म होगी टेंशन  

Priyanka Kumari CE
Sr. Content Writer
अब घर के हर कोने तक पहुंचेगा मजबूत नेटवर्क, पढ़िए कैसे Jio की Smart Wall टेक्नोलॉजी से खत्म होगी टेंशन  

टीएनपी डेस्क (TNP DESK):आज के समय में स्मार्टफोन, वाई-फाई और हाई-स्पीड इंटरनेट हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुके हैं. हालांकि, खराब नेटवर्क और कमजोर वाई-फाई सिग्नल की समस्या आज भी लाखों लोगों के लिए बड़ी परेशानी बनी हुई है. कई बार जरूरी वीडियो भेजना हो, फोटो अपलोड करनी हो या ईमेल करना हो, लेकिन कमजोर सिग्नल की वजह से काम अटक जाता है. इसी समस्या का समाधान करने के लिए रिलायंस जियो ने 'स्मार्ट वॉल'  तकनीक पेश की है, जो भविष्य में इंटरनेट और नेटवर्क कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने में अहम भूमिका निभा सकती है.

अब घर के कोने कोने तक पहुँचेगा इंटरनेट का नेटवर्क

अक्सर घर या ऑफिस के कुछ हिस्सों में वाई-फाई का सिग्नल बेहद कमजोर हो जाता है. इसका मुख्य कारण दीवारों और अन्य बाधाओं से सिग्नल का कमजोर पड़ जाना है. इस समस्या को दूर करने के लिए जियो ने इंटेलिजेंट रिफ्लेक्टिंग सरफेस यानी स्मार्ट वॉल तकनीक विकसित की है. कंपनी ने इसका प्रोटोटाइप पिछले साल आयोजित (MWC) में प्रदर्शित किया था.यह स्मार्ट वॉल खुद कोई नया सिग्नल उत्पन्न नहीं करती, बल्कि पहले से मौजूद 5जी और भविष्य के 6जी नेटवर्क के सिग्नल को सही दिशा में रिफ्लेक्ट करती है. इससे उन जगहों तक भी नेटवर्क पहुंच सकेगा, जहां सामान्य परिस्थितियों में सिग्नल नहीं पहुंच पाते.इस तकनीक में कई छोटे-छोटे प्रोग्रामेबल एलिमेंट्स लगाए गए हैं, जो AI की मदद से सिग्नल की दिशा को नियंत्रित करते हैं. इसके जरिए नेटवर्क उन कोनों तक भी पहुंच सकता है, जहां पहले सिग्नल बेहद कमजोर रहता था.

अब कामजोर नेटवर्क की टेंशन खत्म

इस तकनीक का सबसे बड़ा फायदा यह है कि कमजोर नेटवर्क वाले इलाकों में टेलीकॉम कंपनियों को नए मोबाइल टावर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी. स्मार्ट वॉल मौजूदा नेटवर्क को ही अधिक प्रभावी बनाकर उसकी पहुंच बढ़ा देगी. साथ ही यह पैनल बेहद कम बिजली की खपत करता है, जिससे इसका संचालन भी किफायती रहेगा.यदि यह तकनीक बड़े स्तर पर लागू होती है, तो कॉल ड्रॉप, कमजोर इंटरनेट स्पीड और घर के अंदर नेटवर्क की समस्या से काफी हद तक राहत मिल सकती है. खासकर बहुमंजिला इमारतों, बड़े घरों, कार्यालयों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में इसका लाभ देखने को मिल सकता है.जियो से पहले जापान की टेलीकॉम कंपनी एनटीटी डोकोमो और फ्रांस की ऑरेंज भी इस तरह की तकनीक पर काम कर चुकी हैं. हालांकि, भारत में इस तकनीक को पेश करने की दिशा में जियो का यह पहला बड़ा प्रयास  है. कंपनी के लिए यह प्रोजेक्ट 5जी और भविष्य के 6जी नेटवर्क को बेहतर बनाने की रिसर्च का महत्वपूर्ण हिस्सा है.

जियो ने इस तकनीक को रिसर्च और टेस्टिंग के स्तर पर पेश किया

फिलहाल जियो ने इस तकनीक को रिसर्च और टेस्टिंग के स्तर पर पेश किया है. कंपनी ने अभी यह जानकारी नहीं दी है कि इसे आम ग्राहकों के लिए कब तक उपलब्ध कराया जाएगा. हालांकि, यदि इसका सफलतापूर्वक व्यावसायिक इस्तेमाल शुरू होता है, तो मोबाइल नेटवर्क की गुणवत्ता में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है. इससे न सिर्फ इंटरनेट की स्पीड बेहतर होगी, बल्कि वीडियो कॉलिंग, ऑनलाइन गेमिंग, वर्क फ्रॉम होम, ऑनलाइन पढ़ाई और हाई-क्वालिटी वीडियो स्ट्रीमिंग जैसी सेवाओं का अनुभव भी पहले से कहीं अधिक बेहतर हो जाएगा. ऐसे में जियो की स्मार्ट वॉल तकनीक भारत के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है.