चांडिल(CHANDAL) : जिले स्थित गैलक्सी कंपनी के खिलाफ सोमवार सुबह से भारी विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया. 16 जून को हुए फर्नेस ब्लास्ट हादसे के बाद आक्रोशित मजदूरों और ग्रामीणों ने भुइयांडीह स्थित कंपनी के मुख्य गेट को जाम कर दिया है. प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि घनी आबादी के बीच संचालित यह कंपनी न केवल वायु प्रदूषण फैला रही है, बल्कि मजदूरों की सुरक्षा के साथ भी गंभीर लापरवाही बरत रही है.
ग्रामीणों का कहना है कि कंपनी की गतिविधियों से आसपास के लोगों के स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है. इसी वजह से कंपनी को हटाने और बंद करने की मांग पर अड़े हुए हैं. उनका स्पष्ट कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. लगौरतलब है कि 16 जून को कंपनी में हुए फर्नेस ब्लास्ट में दो मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जबकि कई अन्य कर्मचारी भी जख्मी हुए थे. कुछ घायलों की हालत अब भी नाजूक बनी हुई है और उनका इलाज चल रहा है.
प्रदर्शन कर रहे मजदूरों और ग्रामीणों ने कंपनी प्रबंधन पर घायलों की अनदेखी का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि हादसे के बाद मजदूरों को न तो उचित मुआवजा दिया गया और न ही बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई. प्रदर्शनकारियों ने घायलों के इलाज और इलाज करने तक वेतन भुगतान, मुआवजा समेत कई मांगों को लेकर धरना पर बैठी है. सुबह से जारी गेट जाम के कारण कंपनी का कामकाज प्रभावित हुआ है. प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि जब तक प्रबंधन आश्वासन नहीं देता, तब तक उनका आंदोलन और तेज होगा.
रिपोर्ट- बीरेंद्र मंडल
