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Jharkhand

नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज की सभी 200 MBBS सीटें फुल, देशभर के छात्रों ने लिया दाखिला

Saumya Shukla
Saumya Shukla
Reporter | Copy Editor

सरायकेला(Saraikela): जिले के आदित्यपुर स्थित नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल ने मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में एक अहम उपलब्धि हासिल की है. कॉलेज में MBBS की सभी 200 सीटों पर नामांकन पूरा हो गया है. संस्थान को एमबीबीएस की मान्यता मिलने के करीब एक साल के भीतर सभी सीटों का भर जाना प्रबंधन के लिए उत्साहजनक है. कॉलेज प्रबंधन इसे विद्यार्थियों के बढ़ते भरोसे और संस्थान में उपलब्ध सुविधाओं का परिणाम मान रहा है.

झारखंड के साथ दूसरे राज्यों के विद्यार्थियों ने भी लिया दाखिला

करीब दो साल पहले शुरू हुए इस संस्थान ने कम समय में मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया है. कॉलेज में केवल झारखंड ही नहीं, बल्कि देश के अलग-अलग राज्यों से भी छात्र-छात्राओं ने दाखिला लिया है. इससे संस्थान को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने की उम्मीद बढ़ी है.

ऐसे समय में जब कई मेडिकल कॉलेजों में सीटें खाली रहने की खबरें सामने आती रही हैं, नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज की सभी 200 सीटों पर नामांकन पूरा होना महत्वपूर्ण माना जा रहा है. हालांकि, संस्थान की वास्तविक सफलता आने वाले समय में पढ़ाई की गुणवत्ता, मरीजों के इलाज और विद्यार्थियों को मिलने वाले व्यावहारिक प्रशिक्षण से भी तय होगी.

गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना पहली प्राथमिकता: मदन मोहन सिंह

नेताजी सुभाष ग्रुप के चेयरमैन मदन मोहन सिंह ने इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर की. उन्होंने इसका श्रेय कॉलेज और अस्पताल से जुड़े डॉक्टरों, शिक्षकों तथा पूरी टीम की मेहनत को दिया. उनका कहना है कि संस्थान का उद्देश्य सिर्फ सभी सीटों पर दाखिला पूरा करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को बेहतर मेडिकल शिक्षा और अस्पताल में व्यावहारिक प्रशिक्षण का अवसर देना है.

उन्होंने कहा कि नेताजी सुभाष मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल को देश के नामचीन मेडिकल संस्थानों में शामिल करना प्रबंधन का लक्ष्य है. इसके लिए शिक्षा और चिकित्सा सुविधाओं को लगातार बेहतर बनाने पर काम किया जा रहा है.

सुविधाओं को बेहतर बनाने पर रहेगा जोर

सभी सीटों पर नामांकन पूरा होने के बाद अब कॉलेज के सामने शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बनाए रखने की जिम्मेदारी भी बढ़ गई है. प्रबंधन आने वाले वर्षों में शैक्षणिक व्यवस्था, क्लिनिकल प्रशिक्षण और मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं को मजबूत करने की योजना पर काम करेगा. संस्थान की कोशिश है कि आदित्यपुर को मेडिकल शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक मजबूत पहचान दिलाई जा सके.