Jharkhand

रांची में बनेंगे तीन नए स्मार्ट ग्रिड, अगले 10 साल की बिजली जरूरत का रोडमैप तैयार

Rashmi Prasad
Rashmi Prasad
Copy Editor

रांची(RANCHI):  रांची में लगातार बढ़ रही बिजली की मांग को देखते हुए बिजली विभाग ने शहर और आसपास के क्षेत्रों में तीन नए स्मार्ट ग्रिड बनाने की योजना तैयार की है. प्रस्ताव के अनुसार कुसई कॉलोनी, बरियातू और इटकी में इन ग्रिड का निर्माण किया जाएगा. अधिकारियों का कहना है कि परियोजना पूरी होने के बाद अगले करीब 10 वर्षों तक बढ़ती बिजली जरूरत को पूरा करने में मदद मिलेगी. इटकी में 400/220/132/33 केवी, कुसई कॉलोनी में 220/33 केवी और बरियातू में 132/33 केवी का स्मार्ट ग्रिड प्रस्तावित है. कुसई कॉलोनी और बरियातू ग्रिड की क्षमता करीब 200-200 मेगावाट होगी, जबकि इटकी ग्रिड की क्षमता इससे अधिक रखी जाएगी.

तीनों स्मार्ट ग्रिड को आधुनिक तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई सिस्टम से लैस किया जाएगा. इन्हें सीधे स्काडा सिस्टम से जोड़ा जाएगा, जिससे ग्रिड के पैनल, यार्ड, इंसुलेटर, वायर और अन्य उपकरणों में तकनीकी खराबी आने पर सिस्टम के जरिए तत्काल जानकारी मिल सकेगी. इससे फॉल्ट की पहचान करने और उसे कम समय में दुरुस्त करने में सुविधा होगी. अधिकारियों के अनुसार, नई तकनीक के इस्तेमाल से बिजली आपूर्ति की निगरानी बेहतर होगी और सप्लाई की विश्वसनीयता भी बढ़ेगी. स्मार्ट ग्रिड के निर्माण के लिए बरियातू स्थित डॉक्टर कॉलोनी, कुसई कॉलोनी मैदान और इटकी में जमीन भी चिन्हित की जा चुकी है.

परियोजना की कुल लागत अभी तय नहीं हुई है. इंजीनियरों के मुताबिक कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद विस्तृत परियोजना रिपोर्ट यानी डीपीआर तैयार की जाएगी. इसके बाद टेंडर प्रक्रिया पूरी होने पर निर्माण की वास्तविक लागत सामने आएगी. रांची ट्रांसमिशन के महाप्रबंधक एके भारतीयम के अनुसार राजधानी में हर महीने बिजली लोड बढ़ रहा है. गर्मियों में वर्तमान मांग करीब 500 मेगावाट तक पहुंच जाती है. अनुमान है कि अगले पांच वर्षों में यह मांग लगभग दोगुनी हो सकती है. इसी भविष्य की जरूरत को देखते हुए तीन नए स्मार्ट ग्रिड की योजना बनाई गई है.