रांची (RANCHI): काफी दिनों के इंतजार, विरोध और लगातार उठ रहे सवालों के बाद आखिरकार आज NEET Re-Exam कन्डक्ट कराया गया. लाखों छात्रों के लिए यह परीक्षा सिर्फ एक एग्जाम नहीं, बल्कि अपने भविष्य को फिर से पटरी पर लाने का एक मौका थी. पिछले पेपर लीक विवाद के बाद छात्रों और अभिभावकों के मन में कई तरह की चिंताएं थीं. हालांकि इस बार परीक्षा को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया गया और सुरक्षा के भी खास इंतजाम किए गए थे.
The News Post की टीम ने परीक्षा केंद्र से बाहर निकल रहे छात्रों से बात कर उनके अनुभव जानने की कोशिश की. छात्रों ने बताया कि इस बार पेपर का Difficulty Level माडरेट टू हार्ड रहा. खासकर Physics का सेक्शन काफी मुश्किल था और कई सवालों ने छात्रों को सोचने पर मजबूर कर दिया. वहीं Biology और Chemistry के पेपर को छात्रों ने Moderate बताया. कई छात्रों का कहना था कि पिछले एग्जाम की तुलना में इस बार का पेपर ज्यादा बैलेन्स्ड और बेहतर था.
छात्रों ने कहा कि बार-बार पेपर लीक होने की घटनाओं से उन्हें काफी परेशानी होती है. इससे उनका मानसिक दबाव बढ़ता है और Stress और Anxiety का सामना करना पड़ता है. छात्रों का कहना था कि वे सालों तक मेहनत करते हैं और जब पेपर लीक जैसी घटनाएं सामने आती हैं तो उनकी मेहनत पर सवाल खड़े हो जाते हैं. उन्होंने सरकार से मांग की कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों और परीक्षा पूरी पारदर्शिता के साथ कराई जाए.
अभिभावकों ने भी सरकार की व्यवस्था पर सवाल उठाए. उनका कहना था कि सरकार की जिम्मेदारी है कि देश की सबसे बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक को पूरी ईमानदारी और निष्पक्षता के साथ आयोजित कराया जाए. अगर बार-बार गड़बड़ियां सामने आती हैं तो इसका सीधा असर छात्रों के भविष्य और उनके मॉरल पर पड़ता है.
हालांकि इस बार परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर छात्रों और अभिभावकों ने संतोष जताया. छात्रों ने बताया कि परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले उनकी अच्छी तरह जांच की गई. उनके सामने ही Question Paper का Seal खोला गया. परीक्षा खत्म होने के बाद Answer Sheet को भी पूरी सावधानी से जमा किया गया और छात्रों के सामने ही उसे दोबारा Seal किया गया. इससे छात्रों को भरोसा मिला कि इस बार परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह सुरक्षित और पारदर्शी रही.
अब परीक्षा तो शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो चुकी है, लेकिन सभी की नजरें आने वाले नतीजों पर टिकी हैं. छात्रों को उम्मीद है कि इस बार उनकी मेहनत का सही मूल्यांकन होगा और उन्हें किसी तरह की अनिश्चितता का सामना नहीं करना पड़ेगा. अब देखना यह होगा कि इस Re-Exam का परिणाम कैसा रहता है और लाखों छात्रों के सपनों को यह परीक्षा किस मंजिल तक पहुंचाती है.
