Jharkhand

JTET में बड़ा बदलाव: प्रशिक्षणरत अभ्यर्थियों को भी मिलेगा मौका, 50 हजार युवाओं के लिए खुला रास्ता

Shreya Upadhyay CE
Content Writer & Copy Editor
JTET में बड़ा बदलाव: प्रशिक्षणरत अभ्यर्थियों को भी मिलेगा मौका, 50 हजार युवाओं के लिए खुला रास्ता

टीएनपी डेस्क (TNP DESK): झारखंड में शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे हजारों अभ्यर्थियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. अब शिक्षक प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे अभ्यर्थी भी झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JTET) में शामिल हो सकेंगे. प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने इस संबंध में झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं.

जानकारी के अनुसार, कई प्रशिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत अभ्यर्थियों ने शिकायत की थी कि उन्हें JTET के लिए आवेदन करने की अनुमति नहीं मिल रही है. इसके बाद प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने मामले की समीक्षा की और सुप्रीम कोर्ट के वर्ष 2019 के फैसले तथा राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (NCTE) के 2022 के दिशा-निर्देशों का हवाला देते हुए जैक को आवश्यक कदम उठाने को कहा.

नए निर्देशों के तहत मान्यता प्राप्त संस्थानों में नामांकित और वर्तमान में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे अभ्यर्थी भी अब JTET के लिए आवेदन कर सकेंगे. इससे राज्यभर के करीब 50 हजार अभ्यर्थियों को सीधा लाभ मिलने की संभावना है. बताया जा रहा है कि वर्ष 2024 और 2025 में शिक्षक प्रशिक्षण तथा बीएड पाठ्यक्रमों में नामांकित छात्रों को इस फैसले से सबसे अधिक फायदा होगा.

सूत्रों के मुताबिक, जैक जल्द ही इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश जारी कर सकता है. संभावना है कि एक-दो दिनों के भीतर आवेदन प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट आदेश जारी कर दिए जाएंगे, ताकि प्रशिक्षणरत अभ्यर्थी भी परीक्षा के लिए आवेदन कर सकें.

वर्तमान में JTET के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 2 जून निर्धारित है. हालांकि नए निर्णय को देखते हुए आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ाने पर भी विचार किया जा सकता है. इस संबंध में अंतिम फैसला जल्द सामने आने की उम्मीद है.

वहीं, परीक्षा का आयोजन अगस्त माह तक किए जाने की संभावना है. आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अभ्यर्थियों को फॉर्म में त्रुटि सुधार का अवसर भी दिया जाएगा.

इसके अलावा, वर्ष 2003 में नियुक्त कुछ शिक्षकों को भी JTET आवेदन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. शिक्षक संगठनों ने सरकार से नियमों में आवश्यक संशोधन कर ऐसे शिक्षकों को भी परीक्षा में शामिल होने का अवसर देने की मांग की है.