रांची (RANCHI): मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है. जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने समीक्षा बैठक के दौरान कार्यों की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए कई अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए. खराब प्रदर्शन के कारण रातू, चान्हो और हेहल के अंचल अधिकारियों (सीओ) को शोकॉज नोटिस जारी करने का आदेश दिया गया है. वहीं, बुंडू और बड़गाईं के सीओ के खिलाफ शोकॉज के साथ वेतन रोकने की कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए हैं.
समीक्षा बैठक में उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान में किसी भी स्तर की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी. उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि एन्यूमरेशन फॉर्म (गणना प्रपत्र) का वितरण, संग्रहण और डिजिटाइजेशन निर्धारित समयसीमा के भीतर मिशन मोड में पूरा किया जाए. साथ ही हेहल के एएमसी चंद्र दीप कुमार को भी कार्य में लापरवाही के आरोप में शोकॉज जारी करने का निर्देश दिया गया.
उपायुक्त ने जिला समाज कल्याण पदाधिकारी और जिला शिक्षा अधीक्षक को भी निर्देशित किया कि अगले छह दिनों तक सभी बीएलओ सुपरवाइजरों की फील्ड में सक्रिय मौजूदगी सुनिश्चित की जाए, ताकि गणना प्रपत्रों का शत-प्रतिशत वितरण, संग्रहण और डिजिटाइजेशन समय पर पूरा हो सके.
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि जिन बीएलओ का डिजिटाइजेशन कार्य 50 प्रतिशत से कम है, उन्हें तत्काल शोकॉज नोटिस जारी किया जाए. इसके अलावा यदि किसी क्षेत्र से कार्य में लापरवाही या अनियमितता की शिकायत मिलती है, तो संबंधित सुपरवाइजरों के खिलाफ निलंबन जैसी कड़ी कार्रवाई भी की जाएगी. जिला प्रशासन ने साफ किया है कि निर्वाचन से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी अधिकारियों को तय समयसीमा के भीतर लक्ष्य पूरा करना होगा.
