रांची(RANCHI): झारखंड में SIR की प्रक्रिया चल रही है और अभी दावा-आपत्ति का चरण चल रहा है. यह प्रक्रिया 30 सितंबर को खत्म हो जाएगी. ऐसे में लोग अपने नाम और दूसरी गलतियों को ठीक कराने के लिए बूथ पर पहुंच रहे हैं. लेकिन इस बीच नोटिस को लेकर कई लोगों की परेशानी बढ़ गई है.
The News Post की टीम जब बूथ पर पहुंची और लोगों से बात की तो उन्होंने बताया कि SIR की पूरी प्रक्रिया में सबसे ज्यादा उलझन नोटिस को लेकर हो रही है.
गलती ठीक कराने के बाद भी नहीं मिल रही साफ जानकारी
लोगों का कहना है कि SIR के दौरान वेरिफिकेशन या डेटा मैपिंग में अगर किसी तरह की गलती मिलती है तो उन्हें नोटिस भेज दिया जाता है. नोटिस मिलने के बाद लोग जरूरी कागजात लेकर बूथ पहुंचते हैं और अपनी गलती ठीक भी करा लेते हैं.
लेकिन असली परेशानी इसके बाद शुरू होती है. कुछ लोगों का कहना है कि उन्हें यह साफ नहीं बताया जाता कि अब उनका काम पूरा हो गया है या अभी भी कुछ करना बाकी है.
ऐसे में लोगों के मन में डर बना रहता है कि कहीं वोटर लिस्ट में उनका नाम या दूसरी जानकारी फिर से अटक न जाए.
फोन लगाते हैं तो कई बार BLO से नहीं हो पाती बात
बूथ पर आए कुछ लोगों ने बताया कि अपनी स्थिति जानने के लिए वे BLO को फोन भी करते हैं. लेकिन कई बार फोन नहीं उठने की वजह से उनकी परेशानी और बढ़ जाती है.
लोगों का कहना है कि अगर सुधार के बाद एक बार साफ बता दिया जाए कि उनका काम पूरा हो गया है, तो उन्हें बार-बार बूथ आने या फोन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी.
BLO बोले- लोगों की परेशानी दूर करने की कोशिश जारी
इस बारे में जब The News Post ने BLO से बात की तो उनका कहना था कि लोगों की परेशानी दूर करने की पूरी कोशिश की जा रही है. जिन लोगों का काम पूरा हो जाता है, उन्हें इसकी जानकारी भी दी जाती है.
BLO का कहना है कि इसके बाद भी किसी को कोई परेशानी या सवाल है तो वह अपने बूथ पर आकर सीधे बात कर सकता है.
फिलहाल दावा-आपत्ति के लिए 30 सितंबर तक का समय है. ऐसे में जिन लोगों को नोटिस मिला है या वोटर लिस्ट को लेकर कोई परेशानी है, वे समय रहते अपने बूथ पर जाकर जानकारी ले सकते हैं.