Jharkhand

JPSC-JSSC विवाद पर BJP का बड़ा ऐलान! 1 अगस्त को पूरे झारखंड में होगा प्रदर्शन

Shreya Upadhyay  CE
Shreya Upadhyay CE
Content Writer & Copy Editor

रांची (RANCHI): झारखंड में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर सियासत तेज हो गई है. भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने छात्र आंदोलन के समर्थन में राज्यव्यापी आंदोलन का ऐलान किया है. पार्टी ने 1 अगस्त को भाजपा युवा मोर्चा (BJYM) के नेतृत्व में राज्य के सभी जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन करने और 31 जुलाई की शाम सभी मंडलों में मशाल जुलूस निकालने का फैसला लिया है. इसकी जानकारी भाजपा के प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी ने प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान दी.

अमर बाउरी ने कहा कि राज्य में भर्ती परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों से युवाओं का भविष्य दांव पर लग गया है. उन्होंने आरोप लगाया कि हेमंत सोरेन सरकार के कार्यकाल में JPSC, JSSC CGL, उत्पाद सिपाही, जूनियर इंजीनियर समेत कई भर्ती परीक्षाओं में गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं. भाजपा इन मामलों की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रही है.

CBI जांच और मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग
भाजपा ने मांग की है कि 14वीं JPSC परीक्षा समेत पिछले छह वर्षों में हुई सभी भर्ती परीक्षाओं की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से कराई जाए. पार्टी ने यह भी कहा कि पूरे मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो और दोषियों को जल्द सजा मिले. इसके अलावा कांग्रेस से हेमंत सोरेन सरकार से समर्थन वापस लेने तथा मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री हेमंत सोरेन से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल इस्तीफा देने की मांग की गई है.

'सरकार के पाप का घड़ा भर चुका है'
प्रेस वार्ता में अमर बाउरी ने कहा कि "हेमंत सोरेन सरकार के पाप का घड़ा पूरी तरह भर चुका है और अब जल्द ही फूटने वाला है." उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जांच एजेंसियों का इस्तेमाल वास्तविक मास्टरमाइंड को बचाने के लिए कर रही है. उनके मुताबिक, CID और ACB की जांच केवल औपचारिकता बनकर रह गई है, जबकि पूरे मामले की सच्चाई केवल CBI जांच से ही सामने आ सकती है.

JPSC मामले में सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
भाजपा नेता ने दावा किया कि 14वीं JPSC परीक्षा में कार्रवाई तब शुरू हुई, जब भाजपा और भाजयुमो ने आंदोलन तेज किया. उन्होंने कहा कि JPSC कार्यालय घेराव के बाद ही CID जांच शुरू हुई, कुछ गिरफ्तारियां हुईं और तत्कालीन अध्यक्ष का इस्तीफा हुआ, लेकिन यह कार्रवाई पर्याप्त नहीं है. उनका आरोप है कि परीक्षा घोटाले में कई प्रभावशाली लोगों की भूमिका की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. अमर बाउरी ने कहा कि झारखंड के छात्र और युवा लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं, लेकिन सरकार उन्हें डराने और दबाने का प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा कि भाजपा छात्रों की मांगों का समर्थन करती है और उनके न्याय की लड़ाई में पूरी मजबूती के साथ खड़ी रहेगी.

भाजपा ने केंद्र सरकार द्वारा पारित एंटी पेपर लीक कानून का स्वागत करते हुए कहा कि इससे भविष्य में राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी. अमर बाउरी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्रिमंडल और संसद का आभार जताते हुए कहा कि केंद्र सरकार युवाओं के हितों की रक्षा के लिए लगातार ठोस कदम उठा रही है.