TNP DESK- जमशेदपुर के गोलमुरी केनरा बैंक डकैती कांड ने झारखंड पुलिस की चूलें हिलाकर रख दी है. झारखंड के इतिहास का सबसे बड़ी बैंक डकैती जमशेदपुर में हुई है. डकैती में लगभग 42 लाख नगद और करीब 33 करोड़ के गहने लूट लिए गए हैं.
एडीजी मनोज कौशिक शुक्रवार को जमशेदपुर पहुंचे और डकैती में शामिल पांच बदमाशों परअलग अलग दो लाख का इनाम घोषित किया गया है .पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को तस्वीरों में दिख रहे बदमाशों के बारे में कोई जानकारी मिलती है, तो पुलिस को तत्काल सूचना दें. सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी. पुलिस ने पांचो लुटेरों की तस्वीर जारी कर दी है.
डीजीपी के निर्देश पर एडीजी, डीआईजी और एस एसपी केनरा बैंक पहुंचकर शुक्रवार को लगभग 1 घंटे तक घटनास्थल की जांच की. अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, प्रवेश और निकास के रास्ते ,अलार्म सिस्टम और घटना के दौरान अपनाई गई सुरक्षा सिस्टम की जानकारी ली. सूत्रों के अनुसार जांच में बैंक की सुरक्षा व्यवस्था में कई खामियां सामने आई है .
सबसे बड़ा सवाल बैंक का सायरन नहीं बजने को लेकर उठा है. पुलिस जांच कर रही है कि डकैती के दौरान सुरक्षा प्रणाली काम क्यों नहीं किया? बदमाशों को बैंक के भीतर इतनी बड़ी वारदात को अंजाम देने का मौका कैसे मिला ?पुलिस को संदेह है कि घटना करने वाला गिरोह शहर से बाहर का होगा, लेकिन पुलिस यह भी मानकर चल रही है कि घटना के बाद पुलिस की घेराबंदी की वजह से अपराधी जिले से बाहर नहीं निकले हैं. और कहीं लोकल छुपे हुए हैं.
इस सूचना के आधार पर पुलिस की टीम में लगातार छापेमारी कर रही है .सूत्र बता रहे हैं कि जांच में पुलिस ने बदमाशों के भागने का रूट चिन्हित कर लिया है. शहर के कई दर्जन सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद पाया गया है कि डकैती कांड को अंजाम देने के बाद बदमाश परसुडीह की ओर भागे. रास्ते में उन्होंने कोई वाहन नहीं बदला और नहीं कहीं रुके. सीसीटीवी फुटेज से मिले सुराग के आधार पर पुलिस परसुडीह और आसपास के इलाके में छापेमारी कर रही है. अब तक कोई सफलता मिलने की बात सामने नहीं आई है. Tv
