Jharkhand

चाईबासा में 17 से अधिक हाथियों की धमक, दहशत में लोग

Rohit Kumar Sr. Correspondent
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चाइबासा (चाइबासा): चाईबासा में जंगली हाथियों ने उपद्रव मचा रखा है. नोवामुंडी और जगन्नाथपुर वन क्षेत्र में 17 हाथियों के आने से लोग दहशत में है. डुमरजोडा और बड़ापासेया जंगल से भटक कर हाथियों का यह दल गीतिकेंदु गांव के पास स्थित महाबरू में पहुंचा है. सोमवार देर रात इन हाथियों ने जमकर उपद्रव मचाया. हाथियों का दल गीतिकेंदु में घुस आया और उपद्रव मचाया. इससे ग्रामीण रात भर दहशत में रहे. उनकी रात जाग कर कटी. हाथियों ने ग्रामीण मनोज लांगुरी और बिरसा लागुरी के आम और केले के बागान को पूरी तरह नष्ट कर दिया. पड़े उखड़ फेंका और फल चट कर गए. सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और हाथियों को किसी तरह जंगल की ओर खदेड़ा. वन विभाग की टीम गांव के आसपास कैम्प किए हुए है. वहीं, हाथियों के इलाके में आने में ग्रामीणों के दहशत है.

बिजली नहीं होने से परेशानी
हाथियों के खौफ के बीच बिजली काटना ग्रामीण  के लिए सबसे बड़ी समस्या बन गई है. इलाके में आंधी और बारिश के कारण रात के समय बिजली काट दी जा रही है. ऐसे में अंधेरे में हाथियों को भागने और अपना बचाव करने में ग्रामीणों को काफी परेशानी हो रही है. ग्रामीणों का कहना है कि लगातार वज्रपात के कारण भी उन्हें हाथियों को भागने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. पश्चिम सिंहभूमि जिले में वज्रपात से कई लोगों की मौत हुई है. इसके कारण लोग वज्रपात के समय अपने घर से निकलने से कतरा रहे है.

कोल्हान में है हाथियों का खौफ
पूरे कोल्हान में जंगली हाथियों का खौफ है. कोल्हान के तीनों जिले सरायकेला, पश्चिम सिंहभूम और पूर्वी सिंहभूम जिले में हाथियों का कहर है. हाथी गांवों में घुस रहे और उपद्रव मचा रहे है. घरों को तोड़ने के अलावा फसल को भी काफी नुकसान पहुंचा रहे है. लोगों की जान भी हाथी के रहे है. वन विभाग हाथियों से लोगों को सुरक्षा नहीं दे पा रहा है. हाथियों के कारण 100 से अधिक गांव के लोग दहशत में है.