जमशेदपुर (JAMSHEDPUR): जमशेदपुर के उलीडीह थाना क्षेत्र में आदिवासी क्लब के समीप हुए विकास सिंह हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. पुलिस जांच में सामने आया है कि यह हत्या पुरानी दुश्मनी और बदले की भावना में की गई थी. मामले में पुलिस ने दो आरोपियों सूरज कुटिया और राजू कुंभकार को गिरफ्तार किया है. दोनों आरोपी उलीडीह थाना क्षेत्र के रहने वाले है. उलीडीह के शंकोसाईं रोड नंबर-2 निवासी विकास सिंह की हत्या सुनियोजित तरीके से की गई थी. आरोपियों ने विकास को नशा करने के बहाने बुलाया था. इसके बाद आदिवासी क्लब के पास ले जाकर चाकू और लोहे के रॉड से हमला कर उसकी निर्मम हत्या कर दी गई. पुलिस की जांच में सामने आया कि हत्या के पीछे बदले की भावना थी. करीब एक वर्ष पहले राजू कुंभकार के मौसेरे भाई सौरभ शर्मा उर्फ पवन की हत्या कुंवर सिंह विद्यालय भवन में हुई थी. उस मामले में विकास सिंह के छोटे भाई विक्की सिंह का नाम सामने आया था. विक्की को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा था और हाल ही में वह जेल से बाहर आया है. पुलिस के अनुसार राजू कुंभकार अपने भाई की हत्या को लेकर लंबे समय से आक्रोशित था. इसके लिए उसने अपने साथी सूरज कुटिया के साथ मिलकर साजिश रची और वारदात को अंजाम दिया.
मच्छरदानी में लपेट दिया था शव
विकास सिंह की हत्या 30 मई की रात हुई थी. रविवार को उसका शव झाड़ियों में मिला रहा. हत्या करने के बाद आरोपियों के उसके शव को एक मच्छरदानी में लपेट झाड़ियों में फेंक दिया था. आरोपियों के पास से पुलिस ने घटना में प्रयुक्त चाकू, लोहे का रॉड बरामद किया है. सोमवार को पुलिस ने दिनों आरोपियों को जेल भेज दिया. एक आरोपी सूरज का अपराधिक इतिहास रहा है. सोमवार को एसएसपी पीयूष पांडेय ने पूरे मामले का खुलासा किया.
