Jharkhand

पूर्वी सिंहभूम जिले में ब्रेन मलेरिया का कहर, तीन दिनों में 3 की मौत, कई पीड़ित

Rohit Kumar Sr. Correspondent
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पूर्वी सिंहभूम जिले में ब्रेन मलेरिया का कहर, तीन दिनों में 3 की मौत, कई पीड़ित

जमशेदपुर (JAMSHEDPUR): पूर्वी सिंहभूम जिले में ब्रेन मलेरिया का कहर देखने को मिल रहा है. जिले के कई प्रखंड में लोग इसकी चपेट में है. इसमें बच्चों की संख्या सबसे अधिक है. पोटका प्रखंड हॉट स्पॉट बना हुआ है. यहां पिछले 3 दिनों में 3 स्कूली बच्चों की ब्रेन मलेरिया से मौत हुई है. जिससे स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है. राज्य मलेरिया विभाग की टीम पोटका में कैंप किए हुए है. मृतक और पीड़ित परिवारों से मिल टीम जानकारी जुटा रही है. टीम ने लोगों को सतर्कता बरतने की अपील की है. जिले में 20 कुल ब्रेन मलेरिया से पीड़ित लोग पाए गए हैं, जिनका विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है. इसमें बच्चों की संख्या सबसे अधिक है. 5 बच्चों की हालत गंभीर बताई जा रही है. पूर्वी सिंहभूम जिले के अलावा सरायकेला खरसावां और पश्चिम सिंहभूम जिले में भी ब्रेन मलेरिया के मरीज पाए गए है. जिससे स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा हुआ है. 

बड़ी बहन की मौत, 1 साल की बच्ची भी पीड़ित
पोटका की सुबोला सरदार (8) की ब्रेन मलेरिया से मौत हो चुकी है. वहीं, उसकी छोटी बहन खुशबू सरदार (1) भी ब्रेन मलेरिया से पीड़ित है. उसकी हालत गंभीर है और उसका इलाज एमजीएम अस्पताल में चल रहा है. उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है. जबकि पोटका के सेरेलाडीह निवासी मंगल भूमिज और उसका एक साल का पुत्र अभिषेक भूमिज भी ब्रेन मलेरिया से पीड़ित है. दोनों का इलाज एमजीएम में चल रहा है. ब्रेन मलेरिया के मरीजों की संख्या अचानक बढ़ने से अस्पतालों में नो बेड की स्थिति उत्पन्न हो गई है. पूर्वी सिंहभूम में फैला ब्रेन मलेरिया गंभीर स्वास्थ्य संकट का रूप लेता दिख रहा है. एमजीएम अस्पताल में बच्चों के लिए बने पीआईसीयू और एनआईसीयू के सभी बेड फुल हो चुके है.

यहां मिले मरीज
पूर्वी सिंहभूम जिले के पोटका प्रखंड के अलावा, परसुडीह, घोड़ाबांधा, गुड़ाबांधा, डुमरिया, पटमदा, सरायकेला के गम्हरिया, राजनगर, चांडिल, पश्चिम सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर समेत अन्य जगहों पर ब्रेन मलेरिया के मरीज लगातार मिल रहे है. स्वास्थ्य विभाग ग्रामीण इलाकों में लोगों से सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करने और जल जमाव रोकने की अपील कर रहा है. हल्का बुखार होने पर भी तुरंत डॉक्टर को दिखाने की सलाह भी दी जा रही है. रोहन लोहरा,  मानसिंह सोरेन, गुरुवारी भूमिज,अबनी मुर्मू, देव सबर, अमित बोदरा, हर्ष बांडरा, शीतला मांझी, सोम्या मुंडा, लिपि सबर, शांकुलता सोरेन आदि ब्रेन मलेरिया से पीड़ित पाये गए है. पूर्वी सिंहभूम जिले के सिविल सर्जन डॉ साहिर पाल ने कहा कि पीड़ितों का इलाज चल रहा है और फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है. प्रभावित गांवों में भी कैंप लगाया गया है.