DUMKA: झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा (JTET) 2026 के निष्पक्ष, शांतिपूर्ण एवं कदाचारमुक्त संचालन को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है. 1 नवंबर (रविवार) को आयोजित होने वाली परीक्षा के मद्देनजर दुमका जिले के सभी 55 परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर की परिधि में सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है. अनुमंडल दंडाधिकारी कौशल कुमार ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत इस संबंध में आदेश जारी किया है.
दो पालियों में होगी परीक्षा
झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा का आयोजन 1 नवंबर को दो पालियों में किया जाएगा. पहली पाली सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक, जबकि दूसरी पाली दोपहर 2 बजे से शाम 4:30 बजे तक चलेगी. परीक्षा के दौरान विधि व्यवस्था बनाए रखने, अनावश्यक भीड़ रोकने और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की आशंका को दूर करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है.
परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में कई गतिविधियों पर रोक
प्रशासनिक आदेश के अनुसार, परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में अनावश्यक भीड़ लगाने, अवैध रूप से घूमने, ध्वनि विस्तारक यंत्रों का इस्तेमाल करने तथा अनधिकृत रूप से हथियार लेकर चलने पर प्रतिबंध रहेगा. इसके अलावा कदाचार से संबंधित किसी भी प्रकार की वस्तु के उपयोग की अनुमति नहीं होगी. ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों एवं पदाधिकारियों को इस आदेश से छूट दी गई है.
उल्लंघन करने पर होगी कानूनी कार्रवाई
निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध झारखंड प्रतियोगी परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम एवं निवारण के उपाय) अधिनियम, 2023 की सुसंगत धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी. जारी आदेश 1 नवंबर को सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे तक प्रभावी रहेगा.
दुमका में बनाए गए हैं 55 परीक्षा केंद्र
जिले में परीक्षा के लिए शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में कुल 55 केंद्र निर्धारित किए गए हैं. इनमें एसपी कॉलेज, एसपी महिला कॉलेज, एएन डिग्री कॉलेज, एएन इंटर कॉलेज, जिला सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस, प्लस टू नेशनल हाई स्कूल, राजकीय पॉलिटेक्निक, दुमका इंजीनियरिंग कॉलेज, पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय सहित विभिन्न विद्यालय एवं महाविद्यालय शामिल हैं. इसके अलावा जामा, जरमुंडी, बासुकीनाथ, शिकारीपाड़ा, काठीकुंड, मसलिया, रामगढ़ और नोनीहाट सहित अन्य क्षेत्रों में भी परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं.
प्रशासन की अपील, निर्देशों का करे पालन
जिला प्रशासन ने अभ्यर्थियों एवं आम नागरिकों से निर्धारित दिशा निर्देशों का पालन करने तथा परीक्षा के निष्पक्ष, शांतिपूर्ण एवं कदाचारमुक्त संचालन में सहयोग करने की अपील की है.
रिपोर्ट: पंचम झा
