Jharkhand

बड़ी खबर: कोयला घोटाले की जांच में ED का शिकंजा, LB सिंह की पत्नी समेत 5 को समन

Shreya Upadhyay  CE
Shreya Upadhyay CE
Content Writer & Copy Editor

धनबाद (DHANBAD): कोयला घोटाले से जुड़ी जांच में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कार्रवाई तेज कर दी है. जांच के सिलसिले में एजेंसी ने कोयला कारोबारी एलबी सिंह के परिवार से जुड़े तीन लोगों समेत कुल पांच लोगों को समन जारी किया है. इनमें एलबी सिंह की पत्नी आरती सिंह, उनके भाई विश्वविजय सिंह और साले रंजीत कुमार सिंह शामिल हैं. इसके अलावा कारोबारी अनिल गोयल से जुड़े शब्बीर आलम और महेंद्र सिंह को भी पूछताछ के लिए बुलाया गया है.

अलग-अलग तारीखों पर पूछताछ के लिए बुलाया
ED ने सभी पांच लोगों को अलग-अलग तारीखों पर क्षेत्रीय कार्यालय में उपस्थित होने का निर्देश दिया है. एलबी सिंह के भाई विश्वविजय सिंह को 14 अगस्त, साले रंजीत कुमार सिंह को 17 अगस्त और पत्नी आरती सिंह को 20 अगस्त को हाजिर होने को कहा गया है. वहीं अनिल गोयल से जुड़े शब्बीर आलम और महेंद्र सिंह को भी अगले सप्ताह पूछताछ के लिए बुलाया गया है. समन के जरिए ED इन लोगों से कोयला कारोबार और उससे जुड़े कथित वित्तीय लेनदेन के बारे में जानकारी हासिल कर सकती है. हालांकि, पूछताछ में क्या-क्या सवाल किए जाएंगे, इसकी आधिकारिक जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है.

28 जुलाई को हुई थी दूसरे दौर की छापेमारी
इससे पहले ED ने 28 जुलाई को धनबाद के कई कोयला कारोबारियों से जुड़े ठिकानों पर दूसरे दौर की छापेमारी की थी. इस कार्रवाई का दायरा एलबी सिंह और अनिल गोयल से जुड़े लोगों तक भी पहुंचा था. छापेमारी के दौरान एजेंसी ने कई दस्तावेज और डिजिटल समेत अन्य सामग्री की जांच की थी. जांच के दौरान एलबी सिंह से जुड़े करीब 160 करोड़ रुपये के निवेश को फ्रीज किए जाने की जानकारी सामने आई थी. इसके अलावा अलग-अलग ठिकानों से 200 से अधिक सेल डीड भी बरामद किए गए थे.

सेल डीड की भी हो रही जांच
ED अब छापेमारी के दौरान मिले दस्तावेजों की जांच कर रही है. खास तौर पर जब्त किए गए सेल डीड के जरिए संपत्तियों और उनसे जुड़े लेनदेन की जानकारी जुटाई जा रही है. एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि इन संपत्तियों और कथित वित्तीय लेनदेन का कोयला कारोबार से क्या संबंध है. फिलहाल पांच लोगों को जारी समन को जांच की आगे की कड़ी के तौर पर देखा जा रहा है. पूछताछ के बाद मामले में और जानकारी सामने आने की उम्मीद है. ED की जांच आगे बढ़ने के साथ कोयला कारोबार से जुड़े वित्तीय लेनदेन और संपत्तियों को लेकर तस्वीर और साफ हो सकती है.