☰
Jharkhand

बीसीसीएल उत्पादन -डिस्पैच में पिछड़ी, क्या असर होगा कंपनी और धनबाद की आर्थिक सेहत पर 

Satya Bhushan Singh   Dhanbad
Satya Bhushan Singh Dhanbad
Senior Journalist

धनबाद(DHANBAD): चालू वित्तीय वर्ष में कोल इंडिया की सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण इकाई बीसीसीएल से 1793 कोयलाकर्मी   सेवानिवृत हो जाएंगें.  2027 -28 में भी लगभग 1800 कोयलाकर्मी  में रिटायर होंगें.  इसके बाद बीसीसीएल में सरप्लस कर्मियों  की बात खत्म हो जाएगी।  फिलहाल 28,000 नियमित कर्मचारी काम कर रहे है.  मतलब साफ है कि नियमित कर्मचारियों की संख्या घटते घटते अब 28000 पर पहुंच गई है,सब काम आउट सोर्स के भरोसे चल रहा है ,फिर भी कंपनी पिछड़ गई है.  

आर्थिक मोर्चे पर कंपनी का शुरू हो गया संगर्ष 

 इधर, पता चला है कि बीसीसीएल चालू वित्तीय वर्ष की  पहली तिमाही में उत्पादन लक्ष्य से काफी पीछे है.  मतलब आर्थिक मोर्चे पर कंपनी संघर्ष कर रही है.  मंगलवार को बीसीसीएल बोर्ड की बैठक में पहली तिमाही के लेखा - जोखा पर चर्चा हुई.  उत्पादन और डिस्पैच लक्ष्य से  कंपनी पीछे चल रही है.  आंकड़े बताते हैं कि   चालू वित्तीय वर्ष की   पहली तिमाही में बीसीसीएल लक्ष्य प्राप्ति के मामले में केवल 71.72% ही पहुंच सकी है.  आंकड़े बताते हैं कि  डिस्पैच में भी 15 19% की गिरावट दर्ज की गई है.  पहली तिमाही में बीसीसीएल का कुल डिस्पैच में भी गिरावट दर्ज की गई है.  

पहली तिमाही में बीसीसीएल का रिकॉर्ड ख़राब 

मतलब कहा जा सकता है कि  चालू वित्तीय  वर्ष की  पहली तिमाही को देखते हुए बीसीसीएल को आगे बहुत कुछ करना होगा.वैसे 27 जुलाई को कोल्  इंडिया निदेशक मंडल की बैठक प्रस्तावित है.  इस बैठक पर निवेशको ,कर्मचारियों और पूरे कोयला उद्योग की नजरे टिक गई है.  सूत्र बताते हैं कि कोल इंडिया की तकनीकी सहायक कंपनी सीएमपीडीआईएल ने पहली तिमाही में शानदार वित्तीय प्रदर्शन दर्ज किया है.  54% लाभ वृद्धि हासिल की है. कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 54 प्रतिशत बढ़कर 116.3 करोड़ रुपये हो गया है.  वहीं परिचालन से प्राप्त राजस्व 18 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 481.4 करोड़ रुपये दर्ज किया गया है.