धनबाद(DHANBAD): कोयला चोर, तस्करों के खिलाफ ताबड़तोड़ एक्शन का बड़ा असर जमीन पर दिखने लगा है. यह अलग बात है कि पानी सिर के ऊपर से बहने के बाद एक्शन शुरू हुआ है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के निर्देश के बाद सीआईएसएफ की टीम लगातार छापेमारी कर रही है.
कोयलांचल में कोयला चोर और तस्करों में डर का माहौल बन गया है. उनके "आका" भी कुछ नहीं कर पा रहे हैं. सूत्रों पर अगर भरोसा करें तो कोयले के अवैध खनन में उपयोग में लाई जाने वाली मशीनों को कोयला तस्कर हटा लिए हैं. कुछ मशीन जब्त होने की भी सूचना है. एरिया से लेकर मुख्यालय स्तर के अधिकारी सक्रिय हो गए हैं.
लगातार सीआईएसएफ के साथ बैठक चल रही है. रिव्यू किया जा रहा है. कई स्तरों से मिल रहे इनपुट के बाद कार्रवाई की जा रही है. यहां बताना जरूरी है कि बीसीसीएल और ईसीएल की खदानों में अधिकृत माइंस की तरह अवैध कोलियरी चलाई जा रही थी. लेकिन अब वह हालत नहीं है. सूत्रों की माने तो सीआईएसएफ ने कोयले के अवैध खनन के लिए बदनाम कई जगहों को चिन्हित किया है. और कार्रवाई की रूपरेखा तैयार की जा रही है.
बात इतनी भर ही नहीं है ,कोयला चोरी और तस्करी में लापरवाही बरतने वाले सीआईएसएफ में भी बड़ी कार्रवाई की गई है. आगे भी कार्रवाई होगी ,इसके संकेत मिल रहे हैं. सूत्रों पर भरोसा करें तो बीसीसीएल में तैनात एक सहायक कमांडेंट और तीन इंस्पेक्टर को फिलहाल सस्पेंड कर दिया गया है. कुछ और पर कार्रवाई की गई है. लेकिन अभी इसकी पुष्टि नहीं हुई है.
यह भी सूची तैयार की जा रही है कि किन-किन अधिकारियों की कोयला चोरी और तस्करी में संलिप्तता है. कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि कोयलांचल में कोयला चोर और तस्कर बैक फुट पर हैं. अगर एक्शन की निरंतरता जारी रही तो बीसीसीएल के लिए यह राहत की बात होगी. कोयला चोरी बंद होने से बीसीसीएल के कोयले का डिमांड बढ़ जाएगा. कंपनी की आर्थिक स्थिति सुधरेगी और इससे धनबाद की आर्थिक सेहत भी में भी सुधार होगा .
इधर बियाड़ा के पूर्व अध्यक्ष विजय कुमार झा ने बीसीसीएल के विभिन्न क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर हो रही कोयला चोरी को राष्ट्रीय संपत्ति की लूट बताते हुए डीजीएमएस की कार्य प्रणाली पर भी सवाल उठाया है .उन्होंने कहा है कि 1 जनवरी 2025 से 30 अप्रैल 2026 के बीच सूचना के अधिकार अधिनियम से प्राप्त जानकारी और सीआईएसएफ की कार्रवाई यह बताती है कि बीसीसीएल के क्षेत्र में व्यापक पैमाने पर अवैध खनन और कोयले की तस्करी हुई है .उन्होंने कहा है कि अवैध खनन और असुरक्षित खनन पर रोक लगाना डीजी एमएस की प्रमुख जिम्मेवारी है.
