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Jharkhand

एक तरफ तेनुघाट डैम, दूसरी तरफ बोकारो नदी... फिर भी प्यासे हैं ग्रामीण

Shreya Upadhyay  CE
Shreya Upadhyay CE
Content Writer & Copy Editor

बोकारो (BOKARO): गोमिया प्रखंड के होसिर पश्चिमी पंचायत से पानी के नाम पर विकास के दावों की पोल खोलती तस्वीर सामने आई है. जहां एक छोर पर तेनुघाट का विशाल जलाशय है, दूसरे छोर पर बोकारो नदी बहती है, वहीं बीच में बसे चार-पांच गांव पिछले पांच महीने से पानी को तरस रहे हैं. पेयजल संकट से आक्रोशित ग्रामीणों ने मंगलवार सुबह लगभग सात बजे से गोमिया-ललपनिया मुख्य मार्ग को जाम कर दिया. देखते ही देखते सड़क के दोनों ओर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं और राहगीर परेशान होते रहे. 

जानकारी के अनुसार पंचायत के ग्राम जमकडीह, ढेंढे, नैया टोली, हरदियामो और बिरसा के कुछ टोलों में पेयजल आपूर्ति जमकडीह में बने जलमीनार से होती है. ग्रामीणों का आरोप है कि वे समय पर जलकर का भुगतान करते हैं, फिर भी पिछले 4-5 महीनों से पानी सप्लाई पूरी तरह ठप है. कई बार विभाग से शिकायत की, लेकिन सुनवाई नहीं हुई. ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द जलापूर्ति बहाल नहीं की गई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा.

इधर सड़क जाम की सूचना पर गोमिया बीडीओ महादेव कुमार महतो, थानाप्रभारी प्रफुल्ल कुमार महतो और पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे. अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझा-बुझाकर और जल्द जलापूर्ति बहाल करने का आश्वासन देकर लगभग 5 घंटे बाद जाम समाप्त कराया. सवाल अब भी बरकरार है, जब पानी का स्रोत आंखों के सामने है तो व्यवस्था आखिर फेल क्यों है?

रिपोर्ट: संजय कुमार