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दुर्गा पूजा के उत्साह के बीच महंगाई की मार, खुदरा दर पहुंचा आसमान पर, जानिए वजह

Samiksha Singh
Samiksha Singh
Sr. Content Writer

टीएनपी डेस्क: दुर्गा पूजा के उत्साह के बीच महंगाई की मार आम लोगों की परेशानी बढ़ा रही है. फेस्टिव सीजन की शुरुआत के बीच खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने से घरेलू बजट पर दबाव बढ़ गया है. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक सितंबर 2026 में खुदरा महंगाई दर बढ़कर 5.54% हो गई, जबकि अगस्त में यह इससे कम थी. खाद्य पदार्थों की कीमतों में तेजी को महंगाई बढ़ने की प्रमुख वजह बताया गया है. 

त्योहारी सीजन में लोग जहां खरीदारी और दूसरी जरूरतों पर खर्च की तैयारी कर रहे हैं वहीं रोजमर्रा की चीजों के बढ़ते दाम उनकी चिंता बढ़ा रहे हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर सितंबर में महंगाई बढ़ने की क्या वजह रही और इसका आम लोगों की जेब पर कितना असर पड़ सकता है?

खाने-पीने की चीजों के दाम बढ़ने से बढ़ी परेशानी

सरकारी आंकड़ों के अनुसार सितंबर में खुदरा महंगाई बढ़ने के पीछे खाद्य पदार्थों की कीमतों में तेजी अहम वजह रही. प्याज और दूसरी सब्जियों के दाम बढ़ने से आम परिवारों के मासिक खर्च पर असर पड़ा है. इसके अलावा लहसुन, अदरक और नींबू जैसी चीजों की कीमतों में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई. खाद्य पदार्थों की कीमतों में इजाफा होने से घरों में रसोई के बजट पर भी असर पड़ रहा है. खासकर उन परिवारों पर इसका अधिक असर पड़ता है जिनकी आय का बड़ा हिस्सा भोजन और रोजमर्रा की जरूरतों पर खर्च होता है.

प्याज और सब्जियों की कीमतों ने बढ़ाई चिंता

सितंबर में प्याज की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला. जारी आकड़ों के मुताबिक प्याज की महंगाई दर में बढ़ोतरी दर्ज की गई. सब्जियों के दाम भी कई जगह बढ़े, हालांकि कुछ सब्जियों की कीमतें पिछले साल की तुलना में कम रहीं.

सब्जियों के अलावा दाल, चावल और चीनी जैसी रोजमर्रा में इस्तेमाल होने वाली चीजों की कीमतों में भी उछाल आया जिससे आम लोगों की जेब पर असर पड़ा.  ऐसे में त्योहारों के दौरान परिवारों को अपनी खरीदारी और खर्च सोच समझ कर करना पड़ रहा है 

ईंधन की कीमतों का भी पड़ सकता है असर

महंगाई पर केवल खाद्य पदार्थों की कीमतों का ही असर नहीं पड़ता बल्कि परिवहन और ईंधन की लागत भी अहम भूमिका निभाती है. मध्य पूर्व में तनाव और अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण ईंधन की कीमतों में उतार-चढ़ाव का असर सामान की ढुलाई और उत्पादन लागत पर पड़ता है. हालांकि आने वाले महीनों में महंगाई कितनी बढ़ेगी यह कई आर्थिक और वैश्विक परिस्थितियों पर निर्भर करेगा

आम आदमी के बजट पर क्या होगा असर?

खुदरा महंगाई बढ़ने का सीधा असर आम लोगों की खरीदारी क्षमता पर पड़ सकता है. जब खाने-पीने की चीजों और रोजमर्रा के सामान के दाम बढ़ते हैं, तो परिवारों को समान जरूरतें पूरी करने के लिए पहले से ज्यादा खर्च करना पड़ता है. त्योहारी सीजन में मिठाई, फल, सब्जियां और अन्य जरूरी सामान खरीदने का खर्च भी बढ़ सकता है.