सुपौल(SUPAUL):आज कल सोशल मीडिया पर देश के अलग-अलग राज्यों से टावर पर चढ़ने का वीडियो काफी ज्यादा ट्रेंडिंग में चल रहा है. जिसे देखिये अपनी मांग मनवाने के लिए टावर पर चढ़ जाता है.कभी प्रेमी प्रेमिका तो कभी प्रशासन से किसी मांग को लेकर लोग टावर पर चढ़ते है.वहीं बिहार के सुपौल जिले से एक हैरान करने वाला वीडियो वायरल हो रहा है. जिसमे एक महिला खुद तो टावर पर चढ़ी तो वही 12 साल के बेटा को भी लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गई जिसका बाद काफी हाई वोल्टेज ड्रामा हुआ.
पढ़िए कहां का है पूरा मामला
आपको बताएं कि पूरा मामला सुपौल जिले के राघोपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत सिमराही वार्ड संख्या-4 स्थित दुर्गा मंदिर के पीछे का है.जहां मंगलवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक महिला अपने 12 वर्षीय बेटे के साथ मोबाइल टावर पर चढ़ गई.घटना की खबर फैलते ही मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण और राहगीरों की भीड़ जुट गई. सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची तथा दोनों को सुरक्षित नीचे उतारने के प्रयास में जुट गई.
पति के दूसरी शादी से महिला है नाराज
टावर पर चढ़ी महिला की पहचान मधेपुरा जिले के बिहारीगंज थाना क्षेत्र निवासी गुड्डी देवी के रूप में हुई है. महिला ने आरोप लगाया कि करीब 10 वर्ष पहले मोतीपुर निवासी अमरेंद्र ठाकुर ने दिल्ली-गुरुग्राम में उससे प्रेम विवाह किया था.इस विवाह से दोनों का एक 12 वर्षीय पुत्र भी है.महिला का कहना है कि उसके पति ने बाद में दूसरी शादी कर ली और उसे छोड़ दिया. गुड्डी देवी का आरोप है कि न्याय की मांग को लेकर वह कई बार स्थानीय थाना और पुलिस अधिकारियों के पास गई, लेकिन उसकी शिकायत पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई.लगातार उपेक्षा से परेशान होकर उसने अपने बेटे के साथ टावर पर चढ़कर विरोध प्रदर्शन करने का फैसला लिया.
महिला की इस जिद के कारण प्रशासन की चिंता बढ़ गई
टावर पर मौजूद महिला ने साफ कहा कि जब तक जिला पदाधिकारी और पुलिस अधीक्षक स्वयं मौके पर नहीं पहुंचेंगे और न्याय का भरोसा नहीं देंगे, तब तक वह नीचे नहीं उतरेगी.महिला की इस जिद के कारण प्रशासन की चिंता बढ़ गई और पुलिसकर्मी लगातार उसे समझाने का प्रयास करते रहे.घटना के कारण आसपास के इलाके में लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई. सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने टावर के आसपास लोगों को दूर रहने की अपील की. समाचार लिखे जाने तक प्रशासन महिला और उसके बेटे को सुरक्षित नीचे उतारने तथा पूरे मामले का शांतिपूर्ण समाधान निकालने के प्रयास में जुटा हुआ था.