सिवान (SIWAN): भाई और बहन,परिजनों के साथ मिलकर घर में ही जाली नोट छापने का कारखाना बना लिया था. छाप कर जाली नोट बाजार में खपाये जा रहे थे. सुनने में आपको थोड़ा अजीब लग रहा होगा, लेकिन है बिल्कुल सच. यह खबर बिहार के सिवान जिले से सामने आई है. मैरवा थाना क्षेत्र के पंडितपुरा गांव में पुलिस ने छापेमारी कर नकली नोट छापने के कारखाने का खुलासा किया है.
एक महिला समेत दो को पुलिस ने किया है गिरफ्तार
एक महिला समेत दो गिरफ्तार किए गए हैं. दरअसल, भाई-बहन ने प्रिंटर लगाकर घर में ही नकली नोट छापने का कारखाना बना दिया था. उनके पास से लगभग 5.45 लाख रुपए के जाली नोट बरामद किए गए हैं. भाई और बहन को अलग-अलग जगह से पुलिस ने छापेमारी कर पकड़ा है. यह सब फोटो कॉपी की आड़ में किया जा रहा था. पुलिस को जब सूचना मिली तो छापेमारी की गई.
घर में कुल 5,45,000 के जाली नोट मिले
घर की तलाशी लेने पर घर में कुल 5,45,000 के जाली नोट और 88,000 नगदी बरामद की गई. पुलिस अब नोट छापने वाले गिरोह के अन्य लोगों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी है. जाली नोटों में 500, 200 और ₹100 के नोट शामिल हैं. गिरफ्तार महिला ने पुलिस को बहुत कुछ बताया हैं. उसने कहा है कि अपने परिजनों की मदद से जाली नोट बनाने, वितरण करने का काम करती थी. इस काम में उसका पति भी शामिल है. पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि गिरफ्तार महिला 2008 में और उसका पति 2022 में जाली नोट के मामले में जेल जा चुके हैं. पुलिस अब इनका अपराधी इतिहास खंगाल रही है.
