पटना (PATNA) : NEET पेपर लीक मामले को लेकर छात्र संगठन AISA ने बिहार सरकार और केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है. AISA युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने पटना में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि 30 जुलाई को पूरे बिहार में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा. उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार बंद के दौरान आंदोलन में शामिल कई छात्रों को गिरफ्तार किया गया है और अब तक उनकी बिना शर्त रिहाई नहीं की गई है.
लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है
नेहा बोरा ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से छात्रों को रिहा करने का भरोसा दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद बिहार समेत कई राज्यों में छात्रों पर कार्रवाई जारी है. उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र, कोलकाता और बिहार जैसे राज्यों में आंदोलन में शामिल छात्रों को गिरफ्तार किया जा रहा है जो लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है.
AISA राज्यभर में बड़ा आंदोलन शुरू करेगी
उन्होंने कहा कि बिहार में गिरफ्तार किए गए सभी छात्रों की तत्काल और बिना शर्त रिहाई होनी चाहिए. यदि सरकार उनकी मांग नहीं मानती है तो AISA राज्यभर में बड़ा आंदोलन शुरू करेगी. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि छात्रों को जल्द रिहा नहीं किया गया तो बिहार में ऐसा आंदोलन होगा जो जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन से भी बड़ा होगा.
युवाओं और छात्रों के अधिकारों का सवाल
नेहा बोरा ने कहा कि देशभर के छात्र इस आंदोलन में शामिल होने के लिए बिहार आएंगे. उनका कहना था कि यह केवल बिहार के छात्रों का मुद्दा नहीं है, बल्कि पूरे देश के युवाओं और छात्रों के अधिकारों का सवाल है.उन्होंने सभी छात्र संगठनों और युवाओं से 30 जुलाई के विरोध प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की.
छात्रों की जल्द रिहाई सुनिश्चित करने की मांग
AISA का कहना है कि छात्रों की आवाज दबाने के लिए गिरफ्तारी का सहारा लिया जा रहा है, लेकिन इससे आंदोलन कमजोर नहीं होगा. संगठन ने स्पष्ट किया कि जब तक गिरफ्तार छात्रों को रिहा नहीं किया जाता और उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती तब तक आंदोलन जारी रहेगा. प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान AISA नेताओं ने सरकार से लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन कर रहे छात्रों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने और सभी गिरफ्तार छात्रों की जल्द रिहाई सुनिश्चित करने की मांग की.
