पटना (PATNA): बिहार के लाखों गन्ना किसानों के सामने खड़ी यूरिया और जल-जमाव की समस्या को लेकर राज्य सरकार सक्रिय हो गई है. गन्ने की फसल के सबसे महत्वपूर्ण बढ़वार काल में किसानों की बढ़ती चिंताओं के बीच कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने स्पष्ट किया है कि किसानों को किसी भी स्तर पर परेशान नहीं होने दिया जाएगा. उन्होंने अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश देते हुए कहा कि गन्ना उत्पादकों की समस्याओं का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है.
सोमवार को बिहार शुगर मिल्स एसोसिएशन (BSMA) के सचिव नरेश भट्ट के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा से मुलाकात कर गन्ना किसानों की विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया. प्रतिनिधिमंडल ने एक ज्ञापन सौंपते हुए बताया कि राज्य की 10 चीनी मिलों से करीब 2.50 लाख किसान जुड़े हुए हैं और लगभग 2.60 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गन्ने की खेती की जा रही है.
प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को बताया कि वर्तमान समय गन्ने की फसल के लिए बेहद महत्वपूर्ण है और इस दौरान यूरिया की सबसे अधिक आवश्यकता होती है. पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध नहीं होने के कारण फसल प्रभावित होने लगी है और गन्ने की पत्तियां पीली पड़ रही हैं. इसके अलावा कई क्षेत्रों में जल-जमाव की समस्या भी किसानों के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है.
मामले को गंभीरता से लेते हुए कृषि मंत्री ने मौके पर ही कृषि विभाग के प्रधान सचिव और कृषि निदेशक को निर्देश दिया कि गन्ना किसानों और चीनी मिलों के लिए यूरिया की उपलब्धता प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए. उन्होंने कहा कि राज्य में उर्वरकों की कोई कमी नहीं है और जरूरतमंद किसानों तक समय पर खाद पहुंचाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे.
कृषि मंत्री ने किसानों से मिट्टी की जांच कराकर आवश्यकता के अनुसार ही उर्वरकों का उपयोग करने की अपील की. साथ ही उन्होंने रासायनिक खाद पर निर्भरता कम करते हुए जैविक और प्राकृतिक उर्वरकों के अधिक उपयोग पर भी जोर दिया. जल-जमाव की समस्या को लेकर विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि इसके स्थायी समाधान के लिए लघु जल संसाधन विभाग के साथ बेहतर समन्वय स्थापित किया जाएगा. उन्होंने कृषि, लघु जल संसाधन और सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की संयुक्त बैठक जल्द बुलाने के निर्देश दिए हैं, ताकि किसानों की समस्याओं का दीर्घकालिक समाधान निकाला जा सके.
कृषि मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में सरकार किसानों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि यूरिया उपलब्धता और जल-जमाव जैसी समस्याओं का समय रहते समाधान किया जाएगा और किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी. मंत्री के आश्वासन और त्वरित कार्रवाई के निर्देशों के बाद बिहार शुगर मिल्स एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने उनके प्रति आभार जताया और किसानों की समस्याओं के प्रति सकारात्मक रुख अपनाने के लिए धन्यवाद दिया.
