पटना (PATNA):बिहार विधानसभा के मानसून सत्र में आज मंगलवार को सरकार 8 महत्वपूर्ण विधेयक सदन में पेश करेगी.ये विधेयक प्रशासनिक सुधार, निवेश को बढ़ावा देने, शहरी विकास, भूमि प्रबंधन, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे अहम क्षेत्रों से जुड़े है. सरकार का कहना है कि इन विधेयकों का उद्देश्य सरकारी प्रक्रियाओं को अधिक सरल, पारदर्शी, समयबद्ध और प्रभावी बनाना है, ताकि आम लोगों के साथ-साथ उद्योगों और संस्थानों को भी बेहतर सुविधाएं मिल सकें.
निवेश और प्रशासनिक सुधार पर सरकार का फोकस
सदन में जिन प्रमुख विधेयकों को पेश किया जाएगा, उनमें बिहार जुआ प्रतिषेध विधेयक, बिहार ईज ऑफ़ डूइंग बिजनेस विधेयक, बिहार स्टांप संशोधन विधेयक, बिहार नगर विकास विधेयक, बिहार भूमि दाखिल-खारिज विधेयक, बिहार दुकान एवं प्रतिष्ठान अधिनियम विधेयक, बिहार निजी विश्वविद्यालय संशोधन विधेयक और बिहार चिकित्सा संशोधन विधेयक शामिल है. सरकार ने संकेत दिया है कि इन विधेयकों के माध्यम से विभिन्न विभागों में आवश्यक सुधार किए जाएंगे और नागरिक सेवाओं को अधिक सुगम बनाया जाएगा.पूरे मानसून सत्र के दौरान कुल 13 विधेयक विधानसभा में पेश किए जाने है.
सबसे अधिक चर्चा बिहार ईज ऑफ़ डूइंग बिजनेस विधेयक की
इनमें सबसे अधिक चर्चा बिहार ईज ऑफ़ डूइंग बिजनेस विधेयक की हो रही है. राज्य सरकार का लक्ष्य बिहार में निवेश का बेहतर माहौल तैयार करना और उद्योग-व्यापार से जुड़ी प्रक्रियाओं को आसान बनाना है. प्रस्तावित विधेयक के तहत उद्यमियों को जमीन आवंटन, बिजली कनेक्शन, विभिन्न विभागों से अनुमति और अन्य सरकारी सेवाओं के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे. इसके लिए सिंगल विंडो सिस्टम लागू करने का प्रावधान किया गया है, जिसके माध्यम से सभी जरूरी अनुमतियां और सेवाएं एक ही मंच पर समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराई जाएंगी.सरकार का मानना है कि इससे निवेशकों का भरोसा बढ़ेगा, नए उद्योग स्थापित होंगे और राज्य में रोजगार के अवसरों का विस्तार होगा.
