Bihar

शौच के लिए भी विद्यालय की बाउंड्री से बाहर गए तो आधा दिन की हाजिरी उड़ जाएगी:बिहार शिक्षा मंत्री

Rajnish Sinha
Sr. Copy Editor
शौच के लिए भी विद्यालय की बाउंड्री से बाहर गए तो आधा दिन की हाजिरी उड़ जाएगी:बिहार शिक्षा मंत्री

कैमूर (BIHAR) : बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों की उपस्थिति को लेकर सख्त रुख अपनाया है. कैमूर में उन्होंने कहा कि स्कूल समय के दौरान शिक्षक यदि विद्यालय परिसर से बाहर जाते हैं तो उनकी गतिविधियों की निगरानी की जाएगी. इसके लिए शिक्षा विभाग जल्द ही AI आधारित मॉनिटरिंग सिस्टम लागू करने जा रहा है. मंत्री ने चेतावनी दी कि तय समय से अधिक देर तक स्कूल से बाहर रहने पर शिक्षकों की हाजिरी काटी जा सकती है.

बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शिक्षकों की उपस्थिति और कार्यप्रणाली को लेकर बड़ा बयान दिया है. कैमूर में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में अनुशासन और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जल्द ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित मॉनिटरिंग सिस्टम लागू किया जाएगा.

गतिविधियों पर रखी जाएगी नजर

शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि कोई शिक्षक स्कूल समय के दौरान शौच या किसी अन्य कारण से विद्यालय की बाउंड्री से बाहर जाता है, तो उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि कोई शिक्षक निर्धारित समय से अधिक देर तक विद्यालय से बाहर रहता है तो उसकी हाजिरी प्रभावित होगी. मंत्री के अनुसार, आधे घंटे से अधिक समय तक अनुपस्थित रहने पर आधे दिन की उपस्थिति काटी जा सकती है, जबकि एक घंटे से अधिक समय तक विद्यालय से बाहर रहने पर पूरे दिन की अनुपस्थिति दर्ज की जा सकती है.

अधिक प्रभावी तथा पारदर्शी बनाना

मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य शिक्षकों को परेशान करना नहीं, बल्कि सरकारी स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी तथा पारदर्शी बनाना है. उन्होंने कहा कि कई जगहों से शिकायतें मिलती रही हैं कि कुछ शिक्षक विद्यालय समय में अपने कर्तव्यों का पूरी तरह पालन नहीं करते हैं. ऐसे मामलों पर रोक लगाने के लिए तकनीक का सहारा लिया जा रहा है.

गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने में मिलेगी मदद

शिक्षा मंत्री ने बताया कि AI आधारित निगरानी प्रणाली के जरिए शिक्षकों की उपस्थिति, स्कूल में उनकी गतिविधियों और समय पालन की बेहतर मॉनिटरिंग की जा सकेगी. इससे विद्यार्थियों को नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी.

सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम

मंत्री के इस बयान के बाद शिक्षा विभाग में नई व्यवस्था को लेकर चर्चा तेज हो गई है. जहां सरकार इसे शिक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बता रही है, वहीं शिक्षकों के बीच भी इसको लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं. आने वाले दिनों में AI आधारित मॉनिटरिंग प्रणाली लागू होने के बाद इसकी वास्तविक प्रभावशीलता सामने आएगी.