Bihar

बिहार: जॉइनिंग लेटर से जुड़ी मीडिया संस्थान की रिपोर्ट पर बिहार सरकार का खंडन, अभ्यर्थी बोलीं- बयान को तोड़-मरोड़कर किया गया पेश

Rashmi Prasad
Rashmi Prasad
Copy Editor

पटना (PATNA): बिहार में जॉइनिंग लेटर से जुड़ी एक दैनिक अखबार की डिजिटल पोर्टल के रिपोर्ट को लेकर युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग ने गंभीरता से संज्ञान लिया है. विभाग की ओर से कराई गई प्राथमिक जांच में रिपोर्ट को तथ्यहीन और भ्रामक बताया गया है. दरअसल, मामले की पड़ताल के दौरान विभागीय अधिकारियों ने संबंधित अभ्यर्थी से संपर्क किया. अभ्यर्थी अपने पति के साथ विभाग के समक्ष उपस्थित हुईं और पूरे मामले को लेकर अपना लिखित बयान दर्ज कराया. विभाग के अनुसार, शुरुआती जांच में उस दैनिक अखबार के डिजिटल पोर्टल कि रिपोर्ट में किए गए दावों और अभ्यर्थी के बयान के बीच अंतर सामने आया है.

जानकारी के अनुसार, विभाग के समक्ष दिए लिखित बयान में अभ्यर्थी ने दैनिक अखबार के डिजिटल पोर्टल कि रिपोर्ट पर आपत्ति जताई. उन्होंने कहा कि पत्रकार से बातचीत के दौरान उनके द्वारा कही गई बातों को तोड़-मरोड़कर अलग तरीके से पेश किया गया. अभ्यर्थी के अनुसार, जिस कंपनी में उन्हें रोजगार मिला था, वहां निर्धारित समय से अधिक काम लिए जाने और रहने की उचित व्यवस्था नहीं होने को लेकर उनकी शिकायत थी. उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी भी तरह के यौन शोषण की बात नहीं कही थी. उनका आरोप है कि बातचीत को अलग तरीके से पेश किए जाने के कारण उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा है.

गौरतलब है कि युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 19 से 23 अगस्त 2026 तक पटना के ज्ञान भवन में रोजगार मेले का आयोजन किया गया था. विभाग के मुताबिक, मेले में निर्धारित प्रक्रिया के तहत अलग-अलग कंपनियों ने अभ्यर्थियों का चयन किया था. इसी क्रम में हेकम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड ने संबंधित अभ्यर्थी का चयन आईसीयू नर्स यानी जीएनएम के पद के लिए किया था. विभाग का कहना है कि रोजगार मेले, चयन प्रक्रिया और कंपनी से जुड़े दस्तावेज उपलब्ध हैं. फिलहाल, पूरे मामले की जांच अभ्यर्थी के लिखित बयान और संबंधित रिकॉर्ड के आधार पर की जा रही है.

TagsBihar