मधेपुरा (MADHEPURA): बिहार में पूर्ण शराबबंदी है बावजूद इसके अवैध तरीके से शराब का कारोबार धड़ल्ले से तो चल ही रहा अन्य सूखे नशे का भी प्रचलन काफी तेजी से बढ़ रहा है. नशा के अवैध कारोबार के सामने पुलिस की कार्रवाई भी बौनी नजर आने लगी है. अक्सर पुलिस भी आम लोगों से नशा के विरुद्ध अभियान चलाने और आवाज उठाने की अपील करती है. इसी कड़ी में मधेपुरा के एक पंचायत ने ऐसा फैसला लिया है जो नशाबंदी के लिए काफी कारगर साबित हो सकता है. इस पंचायत में लोगों ने फैसला लिया है कि नशे का सामान बेचने ही नहीं नशा करने वाले लोगों के विरुद्ध भी कार्रवाई की जाएगी और जुर्माना वसूल किया जाएगा. यह ऐतिहासिक फैसला मधेपुरा के सदर प्रखंड के सहुगढ़ पंचायत में किया गया.
नशा का सामान खरीदने और बेचने पर लगेगा जुर्माना
पंचायत के लोगों ने बढ़ते नशा के प्रकोप को देखते हुए इससे बचने के लिए अब स्व कार्रवाई का निर्णय लिया है. पंचायत के मुखिया मुकेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में ग्रामीणों ने निर्णय लिया कि पंचायत में शराब या नशा का अन्य सामान बेचने और नशा करने वाले लोगों पर अब 25 हजार रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा. साथ ही प्रशासन को भी सूचना दी जाएगी ताकि कानूनन कार्रवाई की जा सकें. इसके साथ ही लोगों ने निर्णय लिया कि अगर कोई नशा करते हुए या बेचते हुए पकड़ा जाता है तो परिवार या पंचायत का कोई भी व्यक्ति उसकी जमानत नहीं करवाएगा.
नशा के विरुद्ध अभियान को मिलेगी मजबूती
लोगों ने कहा कि नशा के बुरे प्रभाव को देखते हुए लोगों ने ऐसा निर्णय लिया है ताकि इस पर अंकुश लगाया जा सके. लोगों ने कहा कि अक्सर देखा जाता है कि लोग नशे की वजह से जान माल का नुकसान कर रहे हैं, जिसकी वजह से यह निर्णय किया है. माना जा रहा है कि इस फैसले के बाद अवैध नशा के कारोबार से सेवन नियंत्रित होगी.