जहानाबाद (JEHANABAD): अक्सर किसी स्कूल में अधिकारी का निरीक्षण होते ही शिक्षक और विद्यार्थी सतर्क हो जाते हैं. लेकिन जहानाबाद में निरीक्षण का नजारा उस वक्त बिल्कुल अलग हो गया, जब जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया अचानक बच्चों के बीच जाकर कक्षा में बैठ गईं. उन्होंने पीछे की बेंच पर बैठकर न सिर्फ पूरी कक्षा को करीब से देखा, बल्कि विद्यार्थियों से बातचीत कर यह जानने की कोशिश की कि उन्हें पढ़ाई में क्या समझ आ रहा है और किन परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
बिहार के जहानाबाद में जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया ने मुरलीधर उच्च विद्यालय सह सरस्वती विद्या मंदिर (मॉडल स्कूल), राजा बाजार का औचक निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने स्कूल में पठन-पाठन की व्यवस्था, शिक्षक एवं छात्र उपस्थिति, कक्षा संचालन और विद्यार्थियों के Learning Outcome का जायजा लिया. निरीक्षण के दौरान डीएम का अलग अंदाज देखने को मिला. वह किसी अधिकारी की तरह सिर्फ कक्षाओं का निरीक्षण करने के बजाय खुद एक कक्षा में पहुंचीं और विद्यार्थियों के साथ पीछे की बेंच पर बैठ गईं. उस समय शिक्षक बच्चों को पढ़ा रहे थे. डीएम के अचानक बच्चों के बीच बैठने से छात्र भी हैरान नजर आए.
कक्षा में बैठने के बाद डीएम ने विद्यार्थियों से विषय आधारित सवाल पूछे और उनके साथ संवाद किया. उन्होंने बच्चों की शैक्षणिक समझ और उनकी समस्याओं को जानने का प्रयास किया. विद्यार्थियों का Learning Outcome अपेक्षित स्तर का नहीं मिलने पर उन्होंने नाराजगी जताई और शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार के स्पष्ट निर्देश दिए. साथ ही स्कूल में छात्र उपस्थिति बढ़ाने के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा. डीएम ने शिक्षकों और विद्यालय प्रबंधन को पढ़ाई की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने तथा विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर में लगातार सुधार लाने के निर्देश दिए.
