Bihar

मोतिहारी डीईओ ऑफिस में बवाल के बाद DM का एक्शन, अनुपस्थित कर्मियों पर गिरी गाज

Rajnish Sinha
Sr. Copy Editor
मोतिहारी डीईओ ऑफिस में बवाल के बाद DM का एक्शन, अनुपस्थित कर्मियों पर गिरी गाज

मोतिहारी (BIHAR) : पूर्वी चंपारण जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय परिसर में शिक्षिका रश्मि स्वराज के पति की अचानक तबीयत बिगड़ने से हुई मौत और उसके बाद परिजनों व शिक्षकों द्वारा किए गए हंगामे की खबर सामने आने के बाद जिला प्रशासन हरकत में आ गया. इसी क्रम में मोतिहारी के जिलाधिकारी सौरभ सुमन यादव ने डीईओ कार्यालय का औचक निरीक्षण किया.

DM ने कार्यप्रणाली का जायजा लिया

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी के साथ उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार और सहायक समाहर्ता राजकृष्ण झा भी मौजूद रहे. डीएम ने सबसे पहले कार्यालय की कार्यप्रणाली का जायजा लिया और बायोमैट्रिक उपस्थिति रजिस्टर की जांच की. उन्होंने कार्यालय में मौजूद सभी कर्मचारियों का परिचय लिया तथा अनुपस्थित पाए गए कर्मियों से स्पष्टीकरण मांगने का निर्देश दिया. साथ ही ऐसे कर्मचारियों का वेतन काटने का आदेश भी संबंधित अधिकारियों को दिया.

लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने लंबित मामलों की भी समीक्षा की. उन्होंने सेवांत लाभ, एरियर भुगतान और अन्य लंबित मामलों का निष्पादन एक महीने के भीतर हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया. डीएम ने स्पष्ट कहा कि शिक्षकों और कर्मचारियों को उनके वैधानिक अधिकार समय पर मिलें, इसके लिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

कार्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें

इसके अलावा जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिक्षकों और छात्रों से जुड़ी शिकायतों को गंभीरता से लिया जाए. उन्होंने कहा कि प्राप्त होने वाली प्रत्येक शिकायत का समाधान अधिकतम 15 दिनों के भीतर सुनिश्चित किया जाए, ताकि लोगों को बार-बार कार्यालय के चक्कर न लगाने पड़ें.

निरीक्षण के दौरान डीएम ने कार्यालय की व्यवस्था में सुधार, समयबद्ध कार्य निष्पादन और जवाबदेही सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया. उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकारी कार्यों में लापरवाही या अनावश्यक देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी. प्रशासन का उद्देश्य शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जनहित के अनुरूप बनाना है.