धनबाद: बंगाल में भाजपा की जीत के बाद पूरे देश में पार्टी जश्न मना रही है .श्यामा प्रसाद मुखर्जी की धरती पर भगवा लहराने की खुशी पार्टी के नेताओं पर साफ झलक रही है.
इस बीच धनबाद के मेयर संजीव सिंह के एक पोस्ट ने नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है. उन्होंने बंगाल में भाजपा की जीत पर खुशी तो जाहिर की है लेकिन पार्टी का कहीं नाम नहीं लिया है. उनका यह बयान कई मामलों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
सवाल किए जा रहे हैं कि क्या वह अभी भी दुविधा में हैं, अथवा भाजपा की तरफ उनका "सॉफ्ट कॉर्नर" अभी भी बरकरार है. उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा है कि पश्चिम बंगाल की जनता को कई वर्षों के बाद गुलामी की मानसिकता से स्वतंत्र होकर जीने का मौका मिला है. इसके लिए पश्चिम बंगाल की आम जनता को बहुत-बहुत बधाई और हृदय से आभार.
दरअसल ,झरिया के पूर्व भाजपा विधायक संजीव सिंह के मेयर चुने जाने के बाद उनकी हर गतिविधियों पर कोयलांचल की नजर है. उनकी हर गतिविधियों को राजनीतिक कसौटी पर कोयलांचल कस रहा है और इसका माने मतलब निकाल रहा है. बंगाल में भाजपा की जीत पर उनका किया गया यह पोस्ट कई एंगल से देखा जा रहा है .
दरअसल भाजपा से बागी बन कर उन्होंने धनबाद में मेयर का चुनाव लड़ा और जीत हासिल की. उसके बाद भाजपा के सांसद ढुल्लू महतो से उनका अनबन तेज हो गया. संकेत में दोनों तरफ से बयान बाजी शुरू हो गई. इस बीच उन्होंने बंगाल में भाजपा की जीत पर खुशी तो जाहिर की है लेकिन अपने पोस्ट में पार्टी का नाम नहीं लिया है. दूसरी ओर उनकी विधायक पत्नी रागिनी सिंह ने बंगाल में भाजपा की जीत पर खुलकर खुशी जाहिर की है.
रिपोर्ट धनबाद ब्यूरो