धनबाद(DHANBAD) - प्रोफेसर अर्चना सिन्हा स्मृति सम्मान समारोह का आयोजन रविवार को लिंडसे क्लब एंड लाइब्रेरी, हीरापुर ,धनबाद में ज्ञान विज्ञान समिति झारखंड एवं शिल्पे अनन्या ( बंगला त्रैमासिक पत्रिका ) की ओर किया गया. समारोह की अध्यक्षता हेमन्त कुमार जायसवाल,उपाध्यक्ष ज्ञान विज्ञान समिति झारखंड ने किया. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि अमलेंदु सिंहा , सेवा निवृत निदेशक सिंफर धनबाद एवं अध्यक्ष लिंडसे क्लब एंड लाइब्रेरी मौजूद थे. विशिष्ट अतिथि सह वक्ता भारत ज्ञान विज्ञान समिति के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. काशी नाथ चटर्जी मौजूद थे. वैज्ञानिक चेतना उप समिति ज्ञान विज्ञान समिति झारखंड के अध्यक्ष प्रो. डॉ. दीपक कुमार सेन , वरिष्ठ अधिवक्ता पी. के भट्टाचार्य , प्रो. एस. एस. गिरी , प्रो. एस. के. सिन्हा, शांतोना विश्वाश, विकाश ठाकुर , वंदना सिन्हा , विकाश ठाकुर , मो.निसार आलम , रंजीत कुमार ( भूली ) , जिला कार्यकारिणी अध्यक्ष बालेश्वर बाउरी , रविंद्र कुमार राम , भोला नाथ राम , विश्वनाथ सिंह , श्यामानंद त्यागी , विकाश सेन , अमलेंदु चक्रवर्ती , रवि सिंह , सुरेंद्र कुमार ठाकुर , आदि ने संबोधित किया. संचालन शर्मिष्ठा सरकार ने किया.
विषय प्रवेश कराते हुए हुए डॉ. काशी नाथ चटर्जी ने कहा कि कोविड 19 के बाद शिक्षा की स्थिति में आई गिरावट को देखते हुएं ज्ञान विज्ञान समिति के द्वारा ऑन लाइन सर्वे कर झारखंड के शिक्षा सचिव से मिलकर विद्यालय को खोलने का आग्रह किया गया. उस समय स्वयं सेवक शिक्षकों के द्वारा अनेकों सामुदायिक शिक्षा केंद्र का संचालन भी किया गया , जो अब तक संचालित है. लिंडसे क्लब के 112 वर्ष के इतिहास में भारत ज्ञान विज्ञान समिति द्वारा किया जाने वाला यह पहला कार्यक्रम है. धनबाद जिले में संचालित "फिर स्कूल चलें अभियान" के तहत धनबाद के पंचायतों के निः स्वार्थ रूप से कार्य कर रहें सोशल मोबलाइजर ,पंचायत समन्वयक, प्रखण्ड स्रोत समूह ,जिला स्रोत समूह तथा पिछले वर्ष 2020-2021 में कोविड - 19 वैश्विक महामारी के दौरान ज्ञान विज्ञान समिति ,झारखंड जिला इकाई ,धनबाद द्वारा आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों जैसे खाद्य पदार्थ वितरण, कोरोना वायरस फैलने के कारण बचाव व निवारण आदि में पंचायत ,प्रखंड, जिला स्तर पर सराहनीय भूमिका रही है. ऐसे सभी कार्यकर्ताओं को " स्मृति सम्मान समारोह " में प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया.
इस कार्यक्रम को सफल करने में राजू बाउरी , सविता कुमारी , संजीत कुमार भंडारी , मधेश्वर नाथ भगत , सुमिता दत्ता , सरस्वती देवी , शांता साहा , आदि का सहयोग रहा.
रिपोर्ट : शाम्भवी सिंह
